बताया गया कि रात करीब 9:30 बजे एक बाइक पर सवार दो नकाबपोश अपराधी भगत सिंह चौक स्थित अमित साहू के पेट्रोल पंप पर पहुंचे. वहां पहुंचते ही अपराधियों ने परिसर में एक राउंड गोली चलाई और PLFI के नाम से पर्चा छोड़कर तोरपा रोड की ओर फरार हो गए. अचानक गोली चलने से पेट्रोल पंप पर मौजूद कर्मचारियों और ग्राहकों में अफरा-तफरी मच गई. संयोग से उस समय पंप संचालक अमित साहू मौके पर मौजूद नहीं थे. घटनास्थल से मिले पर्चे में PLFI के कथित जोनल कमांडर राजेश यादव का नाम दर्ज है. पर्चे के जरिए अमित साहू को दो दिनों के भीतर संगठन के लिए 10 लाख रुपये बतौर सहयोग राशि देने की धमकी दी गई है. रकम नहीं देने पर गंभीर परिणाम भुगतने और जान से मारने की चेतावनी दिए जाने की बात सामने आई है.
अमित साहू के मुताबिक, उन्हें इससे पहले भी PLFI के नाम पर रंगदारी के लिए धमकियां मिल चुकी हैं. उन्होंने बताया कि मार्च और अप्रैल में दो-तीन बार फोन या अन्य माध्यम से धमकी दी गई थी. व्यवसायी ने यह भी बताया कि कुछ वर्ष पहले परवल स्थित उनके आवास पर हमला भी किया गया था. घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय पुलिस मौके पर पहुंची और जांच शुरू कर दी. पुलिस ने घटनास्थल का जायजा लेकर फायरिंग और धमकी से जुड़े साक्ष्यों को जुटाने की प्रक्रिया शुरू की है. पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि वारदात के पीछे वास्तव में कौन लोग हैं और PLFI के नाम का इस्तेमाल कर धमकी देने के पीछे क्या मकसद है. अपराधियों की पहचान और उनकी गिरफ्तारी के लिए भी जांच आगे बढ़ाई जा रही है.
