अब सरकारी मेडिकल कॉलेजो में नहीं चलेगी फाकीबाजी, जानिए एनएमसी सीधे कैसे देखेगा एक्टिविटी


धनबाद(DHANBAD): नेशनल मेडिकल कमिशन (एनएमसी) अब देश के सभी मेडिकल कॉलेजों की दिल्ली स्थित अपने कंट्रोल एवं कमान सेंटर से निगरानी करेगा. मरीजों का इलाज कैसे होता है? क्या इंतजाम है? डॉक्टरों के पास कैसे मरीज पहुंच पाते हैं, ओपीडी में क्या व्यवस्था है, जांच केंद्र कैसे करता काम है, आदि सभी बातो की निगरानी अब दिल्ली से होगी. एनएमसी ने सभी मेडिकल कॉलेजों को पत्र लिखकर 25 चिन्हित स्थानों पर कैमरे लगाने का निर्देश दिया है. धनबाद का SNMMCH भी इसके दायरे में है और यहां भी पत्र पहुंच गया है और इसकी तैयारी शुरू कर दी गई है.
कंट्रोल एंड कमान सेंटर से मेडिकल कॉलेजों की ऑनलाइन निगरानी होगी
स्वास्थ्य अधिकारियों के अनुसार, एनएमसी दिल्ली में बनाए गए अपने कंट्रोल एंड कमान सेंटर से मेडिकल कॉलेजों की ऑनलाइन निगरानी करेगा. इसके लिए मेडिकल कॉलेजों में मरीजों के इलाज से लेकर टीचिंग और स्टूडेंट एक्टिविटी समेत समस्त कार्य पर सीसीटीवी की नजर रहेगी. अस्पताल के रजिस्ट्रेशन काउंटर, ओपीडी, इनडोर, जांच केंद्र, लेक्चर थिएटर, कॉलेज परिसर, हॉस्टल समेत 25 स्थानों पर सीसीटीवी लगाने की निर्देश दिया गया है. इस निर्देश के तहत SNMMCH में काम शुरू हो गया है. यहां पहले से कुल 81 कैमरे लगे हैं, इन में 38 कैमरे मेडिकल कॉलेज और 43 हॉस्पिटल में है..
कैमरे कहा लगेंगे, इसका भी है निर्देश
अधिकारियों के अनुसार यहां अधिकांश क्षेत्र सीसीटीवी के दायरे में है. एनएमसी के मापदंडों के अनुसार कुछ कैमरों का लोकेशन बदला जाएगा. नवंबर में कंट्रोल एंड कमान सेंटर का उदघाटन होने की संभावना है. इसके पहले सभी कैमरे कंट्रोल एंड कमान सेंटर से जुड़ जाएंगे. मेडिकल कॉलेजों में आधार इनेबल बायोमेट्रिक अटेंडेंस सिस्टम (एईबीएएस) और हॉस्पिटल मैनेजमेंट इनफार्मेशन सिस्टम (एचएमआईएस) भी शुरू किया जा रहा है. एईबीएएस के तहत यहां के फैकल्टी की हाजिरी सीधे एनएमसी को दिखेगी. अभी भी यहां एईबीएएस सिस्टम काम कर रहा है, लेकिन यह सिर्फ राज्य से जुड़ा है. नई व्यवस्था के तहत इसे एनएमसी से जुड़ना है. वहीं एचएमआईएस के तहत मेडिकल कॉलेज के ओपीडी से लेकर बेड ऑक्युपेंसी तक की स्थिति ऑनलाइन होगी.
4+