पटना (PATNA): बिहार में पीएम-किसान योजना से जुड़े किसानों की रजिस्ट्री को लेकर सरकार अब पूरी तरह मिशन मोड में नजर आ रही है. किसान रजिस्ट्री अभियान की धीमी रफ्तार पर चिंता जताते हुए मुख्य सचिव प्रत्यय अमृत ने अधिकारियों को साफ संदेश दे दिया है कि अब किसी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी. रविवार को आयोजित उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक में उन्होंने सभी जिलाधिकारियों को 27 मई 2026 तक 2 लाख से 2.5 लाख नए किसान पंजीकरण पूरे करने का कड़ा निर्देश दिया.
मंत्रिमंडल सचिवालय विभाग में हुई इस अहम बैठक में एग्री स्टैक (Agri Stack) और किसान रजिस्ट्री अभियान की प्रगति की विस्तार से समीक्षा की गई. मुख्य सचिव ने कहा कि किसान रजिस्ट्री राज्य सरकार की सबसे महत्वपूर्ण योजनाओं में शामिल है और इसका लाभ हर पात्र किसान तक पहुंचाना प्रशासन की प्राथमिक जिम्मेदारी है. बैठक के दौरान कम प्रगति वाले जिलों पर मुख्य सचिव खासे नाराज दिखे. जमुई, सारण और सीवान जैसे जिलों को तुरंत अपनी कार्यशैली में सुधार करने और अभियान में तेजी लाने का निर्देश दिया गया. वहीं बेहतर प्रदर्शन करने वाले जिलों की भी सराहना की गई. मिशन मोड अभियान में गोपालगंज, पश्चिमी चंपारण और पूर्वी चंपारण फिलहाल सबसे आगे चल रहे हैं.
समीक्षा के दौरान एग्री स्टैक से जुड़े तकनीकी मामलों पर भी चर्चा हुई. मुख्य सचिव ने राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग को लंबित मामलों के जल्द समाधान का निर्देश दिया. साथ ही 11 हजार से अधिक गांवों के जियो-रेफरेंसिंग मैप्स और रिविजनल सर्वे मैप्स से जुड़े कार्यों में तेजी लाने को कहा, ताकि किसानों के डेटा सत्यापन की प्रक्रिया समय पर पूरी हो सके. बैठक में यह भी सामने आया कि कम एनएमएस (NMS) के कारण करीब 7.88 लाख किसान रजिस्ट्री आवेदन लंबित पड़े हैं. मुख्य सचिव ने इन सभी लंबित मामलों का भौतिक और डिजिटल सत्यापन जल्द पूरा करने का निर्देश दिया, ताकि पात्र किसानों को पीएम-किसान योजना का लाभ समय पर मिल सके.
सरकारी आंकड़ों के अनुसार बिहार में पीएम-किसान योजना के कुल 86.36 लाख लाभार्थियों में से अब तक 49.7 लाख किसानों की रजिस्ट्री पूरी हो चुकी है, जो कुल लक्ष्य का करीब 57.6 प्रतिशत है. 12 मई 2026 से शुरू हुए विशेष अभियान के तहत अब तक लगभग 1.97 लाख नए पंजीकरण किए जा चुके हैं. मुख्य सचिव ने अंत में स्पष्ट कहा कि अभियान में किसी भी स्तर पर ढिलाई स्वीकार नहीं की जाएगी और सभी विभागों को आपसी समन्वय के साथ तय समय सीमा में लक्ष्य हासिल करना होगा.

