नई दिल्ली - एक साथ पूरे देश में लोकसभा और विधानसभा चुनाव कराने संबंधी विधायक विरोध के बावजूद संसद में पेश हो गया कानून मंत्री अर्जुन मेघवाल ने लोकसभा में विधायक पेश किया है. संविधान संशोधन विधेयक 129 पर चर्चा भी हुई विपक्ष ने इसका विरोध किया है.
विरोध के कारण मत विभाजन के बाद बिल हुआ पेश
वन नेशन वन इलेक्शन संबंधी बिल आज लोकसभा में कार्यवाही के लिए सूचीबद्ध था इस विधेयक को केंद्रीय कानून मंत्री अर्जुन मेघवाल ने पेश किया. विपक्ष के विरोध के बावजूद यह बिल मत विभाजन के बाद पेश हो पाया. इस बिल के पक्ष में 279 और विरोध में 198 मत पड़े. इस विधेयक को लेकर बीजेपी ने अपने लोकसभा सदस्यों को तीन लाइन का भी जारी किया था.
वन नेशन वन इलेक्शन विधायक का क्या है मतलब
वन नेशन वन इलेक्शन यानी देश में लोकसभा और विधानसभा का चुनाव एक साथ इसके अलावा केंद्र शासित प्रदेशों का भी एक साथ चुनाव कराने के उद्देश्य से यह विधेयक लोकसभा में पेश हुआ. मोदी सरकार यह चाहती है कि आने वाले समय में समय और संसाधन की बचत के लिए एक साथ लोकसभा और विधानसभा का चुनाव कराया जाए. जबकि विपक्ष का इसके विरोध में विचार है.
भाजपा ने अपने सांसदों को शो कॉज जारी किया
भाजपा ने अपने लोकसभा सदस्यों को इस महत्वपूर्ण सत्र में अनिवार्य रूप से मजबूत रहने के लिए व्हिप जारी किया था. बावजूद लोकसभा सदस्य शामिल नहीं हुए. पार्टी ने इन्हें शो कॉज जारी किया है. वन नेशन वन इलेक्शन बिल पर सदन में चर्चा हुई आरंभिक संबोधन केंद्रीय कानून मंत्री अर्जुन मेघवाल ने दिया. इसके बाद कई अन्य लोगों ने इस पर अपना वक्तव्य दिया.
चर्चा के बाद बिल को संयुक्त संसदीय समिति को भेज दिया गया
वन नेशन वन इलेक्शन से संबंधित इस संशोधन विधेयक को आरंभिक चर्चा के बाद विस्तृत विचार विमर्श के लिए संयुक्त संसदीय समिति को रेफर कर दिया गया है.
Thenewspost - Jharkhand
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