धन्यवाद बाबा! भोलेनाथ की भक्ति का अद्भुत नजारा, आंखों पर पट्टी बांध कांवड़ यात्रा पर निकला भक्त, जानें क्यों

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Digital News Desk • August 20, 2026

भागलपुर(BHAGALPUR):सावन का पावन महीना चल रहा है. ऐसे में लाखों की संख्या में श्रद्धालु गंगाजल लेकर शिवधाम पहुंच रहे है. कोई भगवान भोलेनाथ के दरबार में अपनी मनोकामना लेकर जा रहा है, तो कोई मन्नत पूरी होने के बाद बाबा को धन्यवाद देने के लिए कांवड़ यात्रा कर रहा है. इसी बीच भागलपुर में भक्ति का एक अद्भुत नजारा देखने को मिला, जहां एक भक्त 105 किलोमीटर की कांवड़ यात्रा पर निकले है. उनकी अनोखी भक्ति देखकर लोग भी भावुक हो रहे हैं और इस अद्भुत नजारे को देखकर उनकी आंखों को सुकून मिल रहा है.

 

 आंखों पर पट्टी बांध कांवड़ यात्रा पर निकला भक्त

 भागलपुर के सुल्तानगंज स्थित अजगैबीनाथ गंगा धाम से लेकर झारखंड के देवघर स्थित बाबा बैद्यनाथ धाम तक जाने वाले कच्ची कांवड़िया पथ पर भोलेनाथ के अनोखे और अनूठे भक्त देखने को मिल रहे हैं. कोई भोलेनाथ को कांवड़ में बैठाकर बाबा धाम जा रहा है, तो कोई बाबा को अपने कंधे पर बैठाकर यात्रा कर रहा है. इसी बीच पश्चिम बंगाल के रहने वाले संतोष साह की भक्ति लोगों के बीच चर्चा का विषय बनी हुई है. संतोष साह अपनी आंखों पर पट्टी बांधकर सुल्तानगंज से देवघर तक करीब 105 किलोमीटर की पैदल यात्रा कर रहे हैं. इस यात्रा में उनके साले आलोक साव भी उनके साथ हैं और रास्ते में उनकी मदद कर रहे हैं.

महादेव ने बिना मांगे ही उन्हें सब कुछ दिया है......

संतोष साह का कहना है कि वह बाबा भोलेनाथ से कुछ मांगने नहीं जा रहे हैं, बल्कि उन्हें धन्यवाद देने जा रहे हैं. संतोष के मुताबिक, उनके दो बेटे और एक बेटी हैं, जिन्हें वह भोलेनाथ द्वारा दिए गए अनमोल उपहार मानते हैं. उनका कहना है कि महादेव ने बिना मांगे ही उन्हें सब कुछ दिया है, इसलिए अब बाबा से मांगने के लिए कुछ नहीं बचा.

पढ़िए कैसे आई आंखों पर पट्टी बांध कर कावड़ ले जाने का विचार

संतोष ने बताया कि गंगा से जल भरने के बाद उनके मन में संकल्प आया कि बाबा धाम पहुंचने तक वह आंखों पर पट्टी बांधकर यात्रा करेंगे और रास्ते में भोलेनाथ के अलावा किसी अन्य का दर्शन नहीं करेंगे. इसके बाद उन्होंने अपनी आंखों पर पट्टी बांध ली और कठिन पैदल यात्रा पर निकल पड़े. यात्रा के दौरान उनके साले आलोक साव लगातार उनकी मदद कर रहे हैं और रास्ते की परिस्थितियों से उन्हें अवगत करा रहे हैं.