सरायकेला-खरसावां (Seraikela-Kharsawan): जिले के गम्हरिया थाना क्षेत्र से एक ससनीखेज खबर सामने आई है. गम्हरिया में संचालित वात्सल्य बालिका गृह से दो नाबालिग लड़कियों के लापता होने का मामला अब बेहद गंभीर होता जा रहा है. दरअसल, मंगलवार की रात हुई इस घटना के दो दिन बीत जाने के बाद भी पुलिस को दोनों लड़कियों का कोई सुराग नहीं मिल पाया है. चौंकाने वाली बात यह है कि यह संस्थान 'मिशन वात्सल्य योजना' के तहत वर्षों से बंद पड़े एक आदिवासी बालिका छात्रावास भवन में चलाया जा रहा है, जिससे इसकी सुरक्षा को लेकर कई तरह के गंभीर सवाल खड़े होने लगे हैं. हालांकि इस मामले की गंभीरता को देखते हुए गुरुवार को जिले की जिला समाज कल्याण पदाधिकारी (DSWO) सत्या ठाकुर खुद वात्सल्य बालिका गृह पहुंचीं और पूरे मामले की विस्तृत जानकारी ली. उन्होंने केंद्र की सुरक्षा व्यवस्था और घटना के संबंध में वहां मौजूद अधिकारियों से पूछताछ की.
आपको बता दें, मंगलवार की रात बालिका गृह में रह रही दो नाबालिग लड़कियां अचानक रहस्यमय परिस्थितियों में गायब हो गईं. इसके बाद केंद्र प्रबंधन में हड़कंप मच गया. बताया जा रहा है कि लापता लड़कियों में से एक लड़की पटमदा थाना क्षेत्र की रहने वाली है, जबकि दूसरी लड़की कुचाई थाना क्षेत्र की रहने वाली बताई जा रही है. दोनों के गायब होने के बाद गम्हरिया थाना पुलिस को तुरंत मामले की सूचना दी गई, जिसके बाद से पुलिस लगातार खोजबीन में जुटी हुई है, लेकिन अब तक कोई ठोस सुराग हाथ नहीं लगा है.
हालांकि, इस दौरान न तो केंद्र प्रबंधन और न ही डीएसडब्ल्यूओ की ओर से मीडिया को कोई आधिकारिक जानकारी दी गई. दूसरी तरफ, स्थानीय लोगों का कहना है कि इस भवन में सुरक्षा के इंतजाम पर्याप्त नहीं हैं. फिलहाल, गम्हरिया थाना पुलिस आसपास के इलाकों, रिश्तेदारों और परिचितों से पूछताछ करने के साथ-साथ संभावित ठिकानों पर लगातार छापेमारी कर रही है.

