गणतंत्र दिवस 2026 को लेकर उपराजधानी दुमका में दिख रहा उत्साह, फिर झंडोत्तोलन को लेकर असमंजस क्यों ? पढ़िये


दुमका(DUMKA):जनवरी का महीना हम भारतीयों के लिए विशेष महत्व रखता है, क्योंकि 26 जनवरी 1950 को भारत एक संपूर्ण गणराज्य बना और देश में संविधान लागू हुआ.तभी से प्रत्येक वर्ष 26 जनवरी को गणतंत्र दिवस के रूप में मनाया जाता है. यह राष्ट्रीय पर्व पूरे देश में हर्षोल्लास के साथ मनाया जाता है.राजधानी दिल्ली से लेकर गांव गली तक तिरंगा फहराया जाता है और हर तरफ देशभक्ति का माहौल देखने को मिलता है.
उपराजधानी दुमका में परंपरागत झंडोत्तोलन
झारखंड की उपराजधानी दुमका में प्रायः गणतंत्र दिवस के अवसर पर पुलिस लाइन मैदान में मुख्यमंत्री द्वारा झंडोत्तोलन किया जाता है. यह वर्षों से चली आ रही परंपरा है, जिसे लेकर जिला प्रशासन हर वर्ष व्यापक तैयारियाँ करता है.
मुख्यमंत्री के विदेश दौरे से असमंजस की स्थिति
इस वर्ष गणतंत्र दिवस को लेकर स्थिति स्पष्ट नहीं है. मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन का 18 से 26 जनवरी तक विदेश दौरा प्रस्तावित है. मुख्यमंत्री के नेतृत्व में झारखंड सरकार का 11 सदस्यीय उच्चस्तरीय प्रतिनिधिमंडल दावोस एवं यूनाइटेड किंगडम का दौरा करेगा.यह प्रतिनिधिमंडल दावोस में आयोजित वर्ल्ड इकोनॉमिक फोरम की वार्षिक बैठक में भाग लेगा, जहां विश्व के प्रमुख निवेशक, उद्योगपति एवं गणमान्य लोग उपस्थित रहेंगे. यह पहला अवसर होगा जब झारखंड का प्रतिनिधिमंडल इस वैश्विक मंच पर सहभागिता करेगा.
झंडोत्तोलन को लेकर उठ रहे सवाल
मुख्यमंत्री की संभावित अनुपस्थिति को देखते हुए यह सवाल स्वाभाविक रूप से उठ रहा है कि इस वर्ष गणतंत्र दिवस के मौके पर दुमका पुलिस लाइन में झंडोत्तोलन कौन करेंगे! जानकारों के अनुसार ऐसी स्थिति में आमतौर पर प्रमंडलीय आयुक्त द्वारा तिरंगा फहराया जाता है.इस वर्ष मामला इसलिए भी पेचीदा हो गया है क्योंकि संताल परगना प्रमंडल के प्रमंडलीय आयुक्त का पद पिछले कई महीनों से रिक्त है.लाल चंद डाडेल के सेवानिवृत्त होने के बाद अब तक स्थायी प्रमंडलीय आयुक्त की नियुक्ति को लेकर कोई अधिसूचना जारी नहीं हुई है.ऐसे में गणतंत्र दिवस के झंडोत्तोलन को लेकर असमंजस की स्थिति बनी हुई है.
पिछले उदाहरण ने बढ़ाई चर्चा
15 अगस्त 2025 को स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर भी असाधारण परिस्थिति देखने को मिली थी। मुख्यमंत्री के पितृ शोक में रहने के कारण राजधानी रांची में राज्यपाल द्वारा ध्वजारोहण किया गया था.वहीं उपराजधानी दुमका में प्रमंडलीय आयुक्त द्वारा पुलिस लाइन मैदान में राष्ट्रीय ध्वज फहराया गया था.
प्रशासनिक तैयारियां जोरो पर, लेकिन संशय बरकरार
गणतंत्र दिवस 2026 को लेकर दुमका जिला प्रशासन द्वारा सभी आवश्यक तैयारियां की जा रही हैं परेड, सुरक्षा और अन्य व्यवस्थाओं को अंतिम रूप दिया जा रहा है. बावजूद इसके, उपराजधानी दुमका में झंडोत्तोलन कौन करेंगे, इस पर अभी भी स्थिति स्पष्ट नहीं है.
सरकार के निर्णय पर टिकी निगाहें
हालांकि संभावना जताई जा रही है कि गणतंत्र दिवस से पूर्व सरकार स्तर पर प्रमंडलीय आयुक्त की नियुक्ति हो सकती है लेकिन जब तक कोई आधिकारिक घोषणा नहीं होती, तब तक दुमका में इस मुद्दे को लेकर चर्चाओं का बाजार गर्म बना हुआ है.
रिपोर्ट-पंचम झा
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