रांची(RANCHI): देश में टोल प्लाजा को लेकर हर बार सवाल उठता है. अब झारखण्ड में NH 133 पर मौजूद सरैयाहाट टोल को लेकर बवाल खड़ा हुआ है. एक तरफ आंदोलन चल रहा है तो दूसरी तरफ इस मामले में विधायक ने सदन के संज्ञान में लेते हुए सरकार से कार्रवाई की मांग की है. विधायक प्रदीप यादव ने कहा कि भारत सरकार के नियम के मुताबिक 60 किलोमीटर के अंदर टोल प्लाजा नहीं लगाने का नियम है. खुद केंद्र सरकार ने साफ किया था कि टोल प्लाजा का नियम होगा. एक तय सीमा पर ही टोल प्लाजा का निर्माण होता है लेकिन नियम को ताक पर रख कर टोल संचालन किया जा रहा है पोड़ाईयाहाट में टोल की शुरुआत की गई जो कई सालो से चल रहा है. अब वहां से टोल हटाने की पहल की जाए.
सरैयाहाट से पहले 28 किलोमीटर दूर पर एक टोल प्लाजा कार्यरत है. ऐसे में जब केंद्रीय परिवहन विभाग के संकल्प में है कि 60 किलोमीटर के अंदर एक ही टोल होगा. ऐसे में फिर नियम कैसे तोड़े जा रहे है. विधायक हेमलाल मुर्मू ने सदन को बताया कि संथाल परगना परमंडल में ऐसे टोल प्लाजा लोगों का दोहन कर रहे है. इस इलाके में गरीब लोग रहते है लेकिन उन्हें परेशानी का सामना करना पड़ता है. सरकार से आग्रह किया कि कार्रवाई करते हुए इसे हटाने का पहल करें. इस मामले में संसदीय कार्य मंत्री राधाकृष्णन किशोर ने आश्वासन दिया है कि इस मामले में नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी
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