धनबाद में आम ही आम लेकिन चलता है तीन किलोमीटर तो हो जाता है 25 रुपये  महंगा 

    धनबाद में आम ही आम लेकिन चलता है तीन किलोमीटर तो हो जाता है 25 रुपये  महंगा

    धनबाद(DHANBAD) | कोयलांचल में गर्मी की तपिश चरम पर है.  सूरज अंगारे बरसा रहे है.  बिजली रानी नखरे दिखा रही है.  इन सबके बीच कोयलांचल के लोग फलों के राजा आम का आनंद खूब  उठा रहे है.  कारोबारियों की मानें तो इस साल कोयलांचल में आम की आवक ने कई सालों का रिकॉर्ड तोड़ दिया है.  बिहार, बंगाल सहित अन्य जगहों से प्रतिदिन सैकड़ों गाड़ियां कोयलांचल पहुंच रही है.  बाजार में आम की बहार  छाई हुई है.  लंगड़ा ,मालदा सहित विभिन्न किस्मों के आम से  थोक  मंडी और खुदरा बाजार पटे  हुए है.  ठेला पर बेचने वाले भी इस परिस्थिति का लाभ उठाने से पीछे नहीं है. 

     जिधर, देखिए ठेले पर आम ही आम दिखाई दे रहे है

     जिधर  देखिए ठेले पर आम ही आम दिखाई दे रहे है.  धनबाद के बरवाअड्डा  कृषि बाजार समिति एवं झरिया के राज ग्राउंड में  यह गाड़ियां बिहार के भागलपुर और पश्चिम बंगाल के मालदा, नदियां, जंगीपुर आदि जगहों से आ रही है.  इसके अलावा पुराना बाजार, गोविंदपुर, कतरास बाजार में भी आम की गाड़ियां पहुंच रही है.  व्यवसायियों का कहना है कि आम की आवक ने कई सालों का रिकॉर्ड तोड़ दिया है.  आमतौर पर एक  साल छोड़कर आम की पैदावार अच्छी रहती है.  इस बार कुछ दिन पहले तक आंधी, तूफान आया , बावजूद आम की फसल अच्छी है. लेकिन थोक  और खुदरा बाजार में आम के दाम में बहुत अधिक का  अंतर है.  धनबाद के बरवाअड्डा  मंडी से खुदरा बाजार में पहुंचते-पहुंचते दाम में  20 से 25 रुपये प्रति  किलो का अंतर हो जा रहा है.  यह दूरी तीन किलोमीटर से अधिक नहीं है.  लेकिन कीमत खुदरा बाजार में 40 से लेकर ₹80 तक निर्धारित है. 

    पहले झरिया में थी थोक मंडी 

     धनबाद जिले की  पहले फल एवं खाद्यान्न मंडी झरिया में थी.  झरिया के तंग गलियों में अनाज की मंडी हुआ करती  थी.  तो झरिया के राज ग्राउंड में फलों का बाजार लगता था.  लेकिन अब झरिया का बाजार धनबाद के बरवाअड्डा  में शिफ्ट हो गया है और यहीं से थोक  कारोबार चलता है.  धनबाद के बरवाअड्डा  मंडी से आम सहित अन्य सामान अगल-बगल के दूसरे जिलों तक जाते है.  कहा जा सकता है कि तपती इस गर्मी में फलों का राजा आम लोगों को थोड़ी राहत दे रहा है.  प्रायः सभी वर्गों की  पॉकेट आम खरीदने की अनुमति दे रही है.  आषाढ़ शुरू हो गया है लेकिन बारिश की अभी दूर-दूर तक संभावना नहीं दिख रही है. 

    रिपोर्ट -धनबाद ब्यूरो 



    Related News