धनबाद के इन बड़े घरानों के बीच फिर हुई टकराहट, जानिए क्या है वजह

    धनबाद के इन बड़े घरानों के बीच फिर हुई टकराहट, जानिए क्या है वजह

    धनबाद(DHANBAD):  देह दिखाकर दबंगई, बाह चढ़ाकर दबंगई,लाठी की बदौलत दबंगई,गोली -बंदूक चमकाकर दबंगई,यह सब कोयलांचल की मिट्टी में समा गया है.मंगलवार को तो इसका खूब प्रदर्शन हुआ.  4 घंटे में लगभग 10 बार मारपीट और देख लेने की धमकी दी जाती रही.  यह सब हुआ  धनबाद के हृदयस्थल लुबी सर्कुलर रोड के भीतर और बाहर. दरअसल, निगम में मंगलवार को लगभग 13 करोड रुपए के अलग-अलग टेंडर डाले जा रहे थे. यह टेंडर धनबाद के रघुकुल, सिंह मेंशन सहित अन्य दबंगों को दादागिरी दिखाने का मौका दे दिया. फिर क्या था, किसमे कितना है दम का प्रदर्शन शुरू हो गया. शुरुआत हुई झरिया के एक व्यक्ति से टेंडर पेपर छीनने के बाद. उसके बाद तो ताबड़तोड़ हंगामा होता रहा. 

    पुलिस को लाठी चार्ज तक करना पड़ा 

    पुलिस को लाठी चार्ज तक करना पड़ा. लेकिन दबंग रुकने  को तैयार नहीं  थे. एक बार तो स्थिति ऐसी हो गई की जेल में बंद झरिया के पूर्व विधायक संजीव सिंह और धनबाद के भाजपा विधायक राज सिन्हा के खिलाफ भी नारेबाजी होने लगी. दरअसल, राज सिन्हा के समर्थक भी टेंडर डालने के लिए आए थे. पुलिस जब कड़ा पड़ी तो दबंग लोग लुबी सर्कुलर रोड पर आ गए और वहां देख लेने की धमकी, उठा लेने की बात कहने लगे. सड़क को कुछ देर के लिए जाम भी कर दिया गया. लोगो का कहना है कि टेंडर मैनेज करने के लिए रघुकुल समर्थक सुबह से ही निगम परिसर में जमे थे. निगम प्रशासन ने पुलिस सुरक्षा का इंतजाम कर रखा था. हर व्यक्ति के कागजात की जांच करने के बाद उसे निगम कार्यालय में प्रवेश करने दिया जा रहा था.

    छिनाझपटी की शुरुआत हुई झरिआ निवासी से 
     
    पूर्वाह्न लगभग 11:30 बजे झरिया का एक व्यक्ति टेंडर पेपर डालने पहुंचा, तो उसके साथ मारपीट की गई और टेंडर पेपर छीनकर फाड़ दिया गया. एक अन्य के साथ भी ऐसा ही किया गया. एक व्यक्ति किसी तरह पेपर डालने में सफल रहा तो उसे खींचकर कार्यालय से बाहर ले जाया गया. थोड़ी देर बाद अंबिका पुरम निवासी विकास सिंह का भतीजा समर्थकों के साथ टेंडर डालने पहुंचा. कुछ लोगों ने उसे रोकने की कोशिश की. इस पर दोनों पक्ष में गाली-गलौज और धक्का मुक्की होने लगी .हालांकि अंबिकापुर के लोगों को टेंडर डालने से नहीं रोका जा सका. सवाल यह उठता है कि 13 करोड़ के टेंडर में कोई ऐसा काम नहीं था, जिसकी लागत 15 से 25 लाख से अधिक है और 15 से 25 लाख के काम के लिए इस तरह की दबंगई का गवाह बना निगम परिसर, वह भी पुलिस की मौजूदगी में.

    रिपोर्ट -धनबाद ब्यूरो 


    the newspost app
    Thenewspost - Jharkhand
    50+
    Downloads

    4+

    Rated for 4+
    Install App

    Our latest news