दुमका (DUMKA): बिहार में शराबबंदी लागू होने के बाद अवैध शराब का कारोबार तेजी से बढ़ा है. हालात ऐसे हैं कि राज्य के कई हिस्सों में पैसे के दम पर शराब की उपलब्धता और होम डिलीवरी तक संभव है. इसी मांग को पूरा करने के लिए तस्करों का एक संगठित नेटवर्क सक्रिय है, जो सीमावर्ती राज्यों से शराब की खेप बिहार तक पहुंचाता है.
सीमावर्ती दुमका बना तस्करी का प्रमुख रास्ता
झारखंड की उपराजधानी दुमका बिहार से सटे होने के कारण तस्करों के लिए अहम ट्रांजिट रूट बन चुका है. समय समय पर यहां से शराब तस्करी की खबरें सामने आती रहती हैं. अक्सर ऐसे मामलों का खुलासा या तो पुलिस की गुप्त सूचना पर कार्रवाई से होता है या फिर किसी दुर्घटना के कारण. ताजा मामला सरैयाहाट थाना क्षेत्र से सामने आया है.

ट्रक हादसे ने खोली तस्करी की पोल
सरैयाहाट थाना क्षेत्र के जमुनियां गांव के पास एनएच 133 (हंसडीहा देवघर मुख्य मार्ग) पर एक ट्रक अनियंत्रित होकर पलट गया. हादसे के तुरंत बाद चालक और अन्य सवार मौके से फरार हो गए. पहली नजर में ट्रक आटा और सर्फ जैसी घरेलू वस्तुओं से लदा प्रतीत हो रहा था.
घरेलू सामान के पीछे छिपी थी शराब की खेप
सूचना पर पहुंची पुलिस ने जब दुर्घटनाग्रस्त ट्रक की जांच की तो मामला चौंकाने वाला निकला. आटा और सर्फ की पेटियों के पीछे बड़ी मात्रा में अवैध शराब छिपाकर रखी गई थी. इस घटना ने साफ कर दिया कि तस्कर अब सामान्य सामान की आड़ लेकर जांच एजेंसियों को चकमा देने की कोशिश कर रहे हैं.

करीब 2 करोड़ की शराब, बिहार ले जाने की थी तैयारी
बरामद शराब की कीमत करीब 2 करोड़ रुपये से अधिक आंकी जा रही है. प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, यह खेप बिहार ले जाई जा रही थी, जहां शराबबंदी के चलते अवैध शराब की मांग लगातार बनी रहती है. इसी वजह से तस्कर नए नए तरीके अपनाकर सप्लाई चेन को सक्रिय रखते हैं.
ट्रैक्टरों से ढोकर थाना पहुंचाया गया जब्त माल
हादसे के बाद स्थानीय लोगों की सूचना पर पहुंची पुलिस ने भारी मात्रा में शराब जब्त की. जब्त शराब को 13 ट्रैक्टरों के जरिए थाना पहुंचाया गया, जबकि आटा और सर्फ की पेटियों को 2 ट्रैक्टरों में लादकर लाया गया. यह कार्रवाई पूरे इलाके में चर्चा का विषय बन गई है.

तस्करी नेटवर्क की तलाश में जुटी पुलिस
घटना के बाद क्षेत्र में सनसनी फैल गई है. पुलिस अब इस बात की जांच कर रही है कि शराब की यह खेप कहां से लाई जा रही थी और इसके पीछे कौन कौन लोग शामिल हैं. फरार ट्रक चालक और अन्य तस्करों की तलाश जारी है, जबकि पूरे नेटवर्क को खंगालने की प्रक्रिया तेज कर दी गई है.


