देवघर: पूर्व जिप उपाध्यक्ष को क्यों भेजा गया जेल,किसने की fir, पढ़िए इस खबर में

    देवघर: पूर्व जिप उपाध्यक्ष को क्यों भेजा गया जेल,किसने की fir, पढ़िए इस खबर में

    देवघर(DEOGHAR): देवघर के पूर्व जिला परिषद के उपाध्यक्ष संतोष पासवान को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया है. इनके ऊपर सरकारी कर्मी के साथ अभद्र व्यवहार, गाली गलौज, मारपीट करने का आरोप लगा है. ये तब हुआ जब पीड़ित परिवार को उचित मुआवजा और भरण पोषण की मांग के लिए संतोष पासवान जसीडीह इंडस्ट्रियल एरिया पहुँचे थे. दरअसल कल इसी क्षेत्र में स्थित MP mining and energy limited फैक्ट्री में लोहा गलाने वाला भट्टी ब्लास्ट करने से एक मजदूर की मौत हो गयी थी. जबकि एक गंभीर रूप से झुलस गया था. इन्ही पीड़ित परिवार के लिए वो कल शाम वहाँ गए थे. उसके बाद जसीडीह पुलिस ने उन्हें हिरासत में ले लिया था. आज उन्हें जेल भेज दिया गया. 

    क्या लिखा गया है fir में और किसने मामला कराया दर्ज

    सदर अंचलाधिकारी मोतीलाल हेम्ब्रम ने लिखित शिकायत की है कि जब फैक्ट्री में मृतक का शव को पुलिस द्वारा पोस्टमार्टम के लिए ले जाने की तैयारी की जा रही थी तभी पूर्व जिप उपाध्यक्ष संतोष पासवान और पुष्पा पासवान 40 से 50 की संख्या में फैक्ट्री पहुँच कर हंगामा करने लगे. इसी बीच पुलिस द्वारा सूचित करने पर सदर सीओ वहां पहुँचे थे. सदर सीओ द्वारा  सरकारी काम मे बाधा नहीं पहुचाने का आग्रह किया गया. शिकायत में संतोष पासवान के ऊपर गाली गलौज,सीओ के साथ मारपीट,जानबूझकर चोट पहुचाना,शांति भंग का आरोप लगाया गया है. सदर सीओ के लिखित शिकायत पर जसीडीह थाना में मामला दर्ज कर लिया गया और संतोष के ऊपर ipc की धारा 147/149/353/323/332/333/504 और 506 लगाकर उसे कल शाम को ही हिरासत में ले लिया गया है. इन धाराओं में उपद्रव फैलाने, विधि विरुद्ध जमावड़ा लगाने,सरकारी कर्मचारी के साथ मारपीट, जानबूझकर मारपीट कर चोट पहुचाने, शांति भंग करने के इरादे से जानबूझकर अपमान करना,धमकी देना इत्यादि आरोप लगा है. आज जसीडीह पुलिस संतोष को न्यायालय में पेश कर जेल भेज दिया है. 

    संतोष ने कहा राजनीति का हुआ शिकार

    जेल जाने से पूर्व संतोष पासवान ने बताया कि वह पीड़ित परिवार को उचित हक़ दिलाने के लिए फैक्ट्री मालिक से मिलने गए थे. लेकिन एक नेता के दवाब में अंचलाधिकारी ने झूठा आरोप लगा कर फंसा दिया है. संतोष ने सीओ मोतीलाल हेम्ब्रम और फैक्टरी मालिक पर गंभीर आरोप लगाया है कि दोनों की मिलीभगत से पीड़ित परिजन को आनन फानन में कम मुआबजा दिया गया है।संतोष ने इस मामले की उच्च स्तरीय जांच की मांग की है।साथ ही साथ पीड़ित परिवार के सदस्यों का भरण पोषण और नौकरी की मांग फैक्टरी मालिक और जिला प्रशासन से की है. 

    रिपोर्ट: रितुराज सिन्हा 


    the newspost app
    Thenewspost - Jharkhand
    50+
    Downloads

    4+

    Rated for 4+
    Install App

    Our latest news