देवघर: 20 सूत्री की बैठक हुई सम्पन्न, 10 करोड़ की निकासी, मुआवजा भुगतान में घुस और बालू घाट का छाया रहा मुद्दा

    देवघर: 20 सूत्री की बैठक हुई सम्पन्न, 10 करोड़ की निकासी, मुआवजा भुगतान में घुस और बालू घाट का छाया रहा मुद्दा

    देवघर(DEOGHAR): देवघर के विकास भवन में प्रभारी मंत्री चम्पई सोरेन की अध्यक्षता में 20 सूत्री की बैठक काफी गरमा गरम सम्पन्न हुई. सबसे ज्यादा समस्या सारठ विधानसभा क्षेत्र से मिला. सारठ विधायक और पूर्व मंत्री रणधीर सिंह ने अपने विधानसभा क्षेत्र की अनदेखी और योजनाओं में घोटाला का मामला जोरदार तरीके से उठाया है. सारठ विधायक ने पेयजल एवं स्वच्छता विभाग को आड़े हाथ लेते हुए रणधीर सिंह ने आरोप लगाया है कि उनके क्षेत्र की महत्वाकांक्षी वृहद ग्रामीण जलापूर्ति योजना में विभागीय अधिकारी की मिलीभगत से बिना काम का 10 करोड़ रुपए की निकासी कर ली गई है. यह योजना ग्रामीण क्षेत्रों के घरों में शुद्ध पेयजलापूर्ति की है. वही रेल लाइन बिछाने के लिए हुए जमीन अधिग्रहण के मुआवजा भुगतान के लिए भू-अर्जन विभाग द्वारा 3 से 4 प्रतिशत घूस मांगा जा रहा है. इसके अलावा PWD विभाग के कार्यपालक अभियंता पर भी गंभीर आरोप लगाया है. उन्होंने कहा कि विभाग के अधिकारी अपने चहेते संवेदक को जो काम देते हैं, वह काम समय सीमा समाप्त होने पर भी शुरू नही किया जाता है. इसके अलावा कई सड़क के निर्माण में गुणवत्ता का ख्याल नही रखा जा रहा है.

    कई विभाग के अधिकारियों क कार्यशैली पर उठाए गए सवाल

    सरकारी जमीन से अतिक्रमण हटाने के लिए भी रणधीर सिंह ने आवाज़ उठाई. बैठक में मौजूद स्थानीय विधायक नारायण दास ने भी कई विभाग के अधिकारियों की कार्यशैली पर आवाज उठाया. भाजपा के सारठ और देवघर विधायक ने बालू घाट की नीलामी का मुद्दा उठाया. वहीं बालू लदे वाहनों को पुलिस द्वारा जबरन पकड़ने का भी आरोप लगाया गया. कुल मिलाकर 20 सूत्री की बैठक में पुलिस और जिला प्रशासन के विभिन्न विभागों के अधिकारी की कार्यशैली पर सवाल उठाए गए हैं. वहीं इस बैठक में 20 सूत्री के जिला उपाध्यक्ष मुन्नम संजय, स्थानीय विधायक नारायण दास ने पुराना सदर अस्पताल के खाली पड़े जगहों का बेहतर इस्तेमाल करने के लिए आवाज़ उठाया.

    सरकार का बचाव करते दिखे मंत्री

    बैठक में मौजूद तमाम सदस्यों ने अपनी-अपनी बात और समस्या को रखा. बैठक में मौजूद कृषि मंत्री बादल पत्रलेख ने सदस्यों द्वारा लगाए गए आरोपों में सरकार का बचाव करते दिखे. वहीं 20 सूत्री बैठक की अध्यक्षता कर रहे मंत्री चम्पई सोरेन ने कहा कि सभी चल रही विकास योजनाओं पर विचार विमर्श किया गया है. जिनका भी जो आरोप-प्रत्यारोप है. उनका जल्द निष्पादन करने का निर्देश दिया गया है. जो भी समस्या है या जो भी योजनाओं में गड़बड़ी का मामला है उसे जिला के अधिकारी को गंभीरता से जांच करने का भी निर्देश दिया गया है. उन्होंने कहा कि बालू की समस्या का जल्द निदान कर दिया जाएगा ताकि विकास कार्य प्रभावित नहीं हो. आयोजित बैठक में 20 सूत्री के तमाम सदस्य, डीसी, एसपी और तमाम पदाधिकारी मौजूद रहें.

    रिपोर्ट: रितुराज सिन्हा, देवघर  



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