बिहार में 1.04 लाख घरों तक पहुंची PNG सेवा, जिलों में होगा अब तेजी से विस्तार

    बिहार में 1.04 लाख घरों तक पहुंची PNG सेवा,  जिलों में होगा अब तेजी से विस्तार

    पटना(PATNA): बिहार में पाइप्ड नेचुरल गैस (PNG) नेटवर्क के विस्तार ने रफ्तार पकड़ ली है. राज्य में स्वच्छ ऊर्जा को बढ़ावा देने की दिशा में बड़ी उपलब्धि दर्ज करते हुए अब तक 1,04,036 घरेलू कनेक्शन सक्रिय किए जा चुके हैं. सोमवार को PNG विस्तार की समीक्षा मुख्य सचिव की अध्यक्षता में क्राइसिस मैनेजमेंट ग्रुप की उच्चस्तरीय बैठक में की  गई, जिसमें पूरे राज्य में गैस आपूर्ति व्यवस्था पर विस्तार से चर्चा हुई.

    बैठक में अधिकारियों ने बताया कि बीते एक साल में PNG कनेक्शन की औसत गति 3000- 3500 प्रति माह से बढ़कर मार्च 2026 में 7585 प्रति माह तक पहुंच गई है. मुख्य सचिव की अध्यक्षता में हुई इस समीक्षा बैठक में राज्य की ऊर्जा संरचना को मजबूत करने और हर घर तक स्वच्छ ईंधन पहुंचाने पर फोकस किया गया. प्रत्यय अमृत ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि कार्यों की गति और बढ़ाई जाए तथा जमीनी स्तर पर किसी भी तरह की देरी बर्दाश्त नहीं की जाएगी.

    राज्य में PNG विस्तार के तहत एक और बड़ी उपलब्धि हासिल हुई है. 13 अप्रैल 2026 को कटिहार को पूरी तरह गैसकृत जिला घोषित किया गया, जिसके साथ बिहार में कुल 18 जिले इस श्रेणी में शामिल हो चुके हैं.

    बैठक में पेट्रोलियम कंपनियों को भी लक्ष्य दिए गए कि कनेक्शन की गति को और बढ़ाया जाए.Indian Oil Corporation Limited, Bharat Petroleum Corporation Limited, GAIL (India) Limited इन कंपनियों को निर्देश दिया गया है कि प्रति महिने 9,000 से 12,000 नए PNG कनेक्शन सुनिश्चित किए जाएं.

    घरेलू गैस की आपूर्ति सुनिश्चित करने के लिए राज्यभर में सघन निरीक्षण अभियान चलाया जा रहा है. 19 अप्रैल तक की रिपोर्ट के अनुसार कई जिलों में बड़ी कार्रवाई की गई है, जिसमें अवैध सिलेंडरों की जब्ती और FIR दर्ज की गई है.

    अररिया, कटिहार और मधेपुरा जैसे जिलों में गैस सिलेंडरों की बड़ी मात्रा में जब्ती हुई है, जिससे अवैध गैस कारोबार पर प्रशासन ने सख्ती दिखाई है.

    बैठक में मुख्य सचिव ने निर्देश दिया कि PNG इंफ्रास्ट्रक्चर के विस्तार को तेज करने के लिए जिला प्रशासन के साथ बेहतर समन्वय बनाया जाए. साथ ही, जिन जिलों में भूमि आवंटन लंबित है, उसे तुरंत पूरा करने पर जोर दिया गया. इसके अलावा उपभोक्ता जागरूकता बढ़ाने के लिए वार्ड स्तर पर कैंप और डोर-टू-डोर अभियान चलाने के निर्देश दिए गए.

    सभी कार्यों में Petroleum and Natural Gas Regulatory Board के सुरक्षा मानकों और दिशानिर्देशों का सख्ती से पालन करने पर भी बल दिया गया. सरकार ने स्पष्ट किया कि राज्य में हर घर तक सुरक्षित, स्वच्छ और सस्ती ऊर्जा पहुंचाना प्राथमिकता है और इसमें किसी भी तरह की ढिलाई स्वीकार नहीं की जाएगी.

     

     

     

     



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