जलेश्वर महतो को ब्राह्मण समाज से मिल गई माफ़ी, अब नहीं होगा विरोध आंदोलन, जानिए कैसे हुआ पटाक्षेप 

    जलेश्वर महतो को ब्राह्मण समाज से मिल गई माफ़ी, अब नहीं होगा विरोध आंदोलन, जानिए कैसे हुआ पटाक्षेप 

    धनबाद(DHANBAD): शुक्रवार को एक नाटकीय घटनाक्रम में झारखंड प्रदेश कांग्रेस के कार्यकारी अध्यक्ष और पूर्व मंत्री जलेश्वर महतो ने ब्राह्मण समाज से माफ़ी मांग ली. सार्वजनिक रूप से उन्होंने कहा कि अगर उनके कथन से ब्राह्मण समाज को पीड़ा हुई है तो इसके लिए हम क्षमा याचना करते हैं. शुक्रवार को ब्राह्मणों की सभा में वह उपस्थित हुए और सबके सामने अपनी भूल को स्वीकारते हुए खेद व्यक्त किया. बाघमारा के डुमरा सामुदायिक भवन में सर्वदलीय ब्राह्मणों की बैठक शुक्रवार को आहूत की गई थी. इस बैठक में जलेश्वर महतो को भी आने का न्योता दिया गया था. पूर्व मंत्री ने कहा कि उन्हें 15 मिनट पहले सूचना मिली कि बैठक में उन्हें क्षमा याचना के लिए बुलाया जा रहा है. वह बिना विलंब किए बैठक में चले आये. उनसे कोई चूक हुई है तो हम सबों से अनुरोध करते हैं कि हमें माफ कर दे.

    तालियों की गड़गड़ाहट के बीच माफीनामा का हुआ स्वागत

    ब्राह्मण समाज के लोगों ने तालियों की गड़गड़ाहट के बीच उनके इस कथन का स्वागत किया और घोषणा की कि हमने तो उन्हें माफ कर ही दिया, साथ ही संपूर्ण ब्राह्मण समाज से अनुरोध करते हैं कि जलेश्वर बाबू को माफी दे दे. आपको बता दें कि 27 अक्टूबर को माटीगढ़ा में गोवर्धन पूजा के दौरान जलेश्वर महतो ने ब्राह्मणों के खिलाफ एक विवादित बयान दिया था. इस बयान की तीखी प्रतिक्रिया हुई थी. धनबाद से लेकर रांची तक के भाजपा नेताओं ने जलेश्वर महतो पर हमला बोल दिया था. इधर जगह-जगह उनका पुतला दहन किया जा रहा था. उनके राजनीतिक विरोधी विधायक ढुल्लू महतो ने कहा था कि जलेश्वर बाबू पर अब उम्र हावी हो गया है. इसलिए वह अनाप-शनाप बयान जारी कर रहे हैं. वैसे आज जलेश्वर महतो के माफीनामा के बाद उनके खिलाफ ब्राह्मणों का चल रहा आंदोलन खत्म हो गया और जलेश्वर महतो को भी सुकून मिला होगा.

    रिपोर्ट: सत्यभूषण सिंह, धनबाद


    the newspost app
    Thenewspost - Jharkhand
    50+
    Downloads

    4+

    Rated for 4+
    Install App

    Our latest news