ना जाति का बंधन, ना धर्म की परवाह , सभी मिलकर कर रहे मां शारदे की अराधना


गुमला (GUMLA )- गुमला जिला में ऐसे तो कई स्थानों पर सरस्वती पूजा मनाया जा रहा है, लेकिन जिला में एक ऐसा भी विद्यालय है जहां पूजा के दौरान गंगा जमुनी तहजीब का संदेश दिया जा रहा है. यहां सभी धर्मों के लोग मां शारदे की पूजा करते हुए नजर आ रहे हैं.
एक पंडाल के नीचे हिंदू, मुस्लिम, ईसाई
पिछले साल कोरोना के कारण सरस्वती पूजा पर आयोजन नहीं हुए थे. इस बार जिले में पूजा को लेकर अगल ही उत्साह है. एक स्कूल में पूजा के दौरान सभी धर्म की शिक्षिकाएं शरीक हो कर माता की अराधना करती दिखीं. मुस्लिम समुदाय की शिक्षिका तरन्नुम परवीन की माने तो वे मुस्लिम समुदाय से हैं, लेकिन इस तरह से एक साथ पूजा कर वे देश में अनेकता में एकता का संदेश दे रही हैं. इसके साथ ही ईसाई शिक्षिका नीता पुष्पा कुजूर कहती हैं कि यही असल भारत की पहचान है. विद्यालय की शिक्षिका शिल्पी ओहदार व अमिता बेला तिरकी ने कहा कि कोरोना काल के कारण लोग पूजा नहीं कर पा रहे थे. लेकिन इस बार पूजा कर काफी उत्साह का माहौल है.
बहरहाल, जिला में कोरोना के कारण दो वर्षों से पूजा को लेकर बनी उदासी इस बार जहां समाप्त हो गयी. वहीं जिला के एक स्कूल द्वारा भारत की अनेकता में एकता का उदाहरण प्रस्तुत किया.
रिपोर्ट: सुशील कुमार, गुमला
4+