भारत से जुड़े हैं एपस्टीन फ़ाइल के तार, सिर्फ विदेशी नहीं भारतीय लड़कियों का भी होता था शिकार

    भारत से जुड़े हैं एपस्टीन फ़ाइल के तार, सिर्फ विदेशी नहीं भारतीय लड़कियों का भी होता था शिकार

    टीएनपी डेस्क (TNP DESK): एपस्टीन फ़ाइल की चर्चा देश दुनिया में हो रही है. एपस्टीन फ़ाइल के बारे में कई तथ्य सामने आए हैं. इस बारे में हम जानते हैं की जेफरी एपस्टीन पहले पेशे से शिक्षक था और उसके बाद उसने अचानक ही बिजनेस की दुनिया में अपना वर्चस्व बनाया और दुनिया के नामचीनों से उसकी दोस्ती हो गई. 

    चर्चाओं का दौरा एपस्टीन फ़ाइल को लेकर शुरू हुआ जहां कहा जाता है की अपने और अपने नामचीन दोस्तों की अय्याशी के लिए एपस्टीन ने शहर से दूर अपना एक आइलैंड बनाया जहां खासकर 10 से 14 साल की बच्चियाँ लाई जाती थी. यहाँ एपस्टीन और उसके नामचीन दोस्त ना सिर्फ उन बच्चियों के साथ दरिंदगी करते थे बल्कि इतनी छोटी बच्चियों को प्रेग्नेंट तक कर दिया जाता था. पर ये हैवानियत यहीं नहीं रुकती थी और कई बार बच्चियों को बेरहमी से अधमरा छोड़ दिया जाता था तो वहीं कई बार उन्हें मार कर खाया भी जाता था. 

    हालांकि इस जघन्य अपराध में सिर्फ छोटी बच्चियाँ नहीं बल्कि किशोरी और महिलायें भी शिकार बनी हैं. ऐसे में अब जब एपस्टीन फ़ाइल सार्वजनिक किए गए हैं तो रोजाना इसे लेकर कई काले राज़ बाहर आ रहे हैं. गौर करने वाली बात यहाँ ये है की इसके तार भारत से भी जुड़े हुए हैं. दरअसल अमेरिका में चर्चित जेफरी एपस्टीन मामले से जुड़ी हाल में जारी फाइलों में एक नया खुलासा सामने आया है. दस्तावेजों से पता चलता है कि कथित पीड़ितों में एक भारतीय लड़की का भी नाम था. अमेरिकी अधिकारी उसे खोजने की कोशिश कर रहे थे ताकि पीड़ितों के लिए बनाए गए मुआवजा फंड से उसे सहायता दी जा सके.

    13 जनवरी 2020 की एक आंतरिक बातचीत में अधिकारियों को निर्देश दिया गया था कि भारत में मौजूद अमेरिकी दूतावास के साथ मिलकर उस पीड़िता का पता लगाया जाए. मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, यह ईमेल एपस्टीन की अगस्त 2019 में मौत के बाद भेजा गया था. ईमेल में लिखा था कि अगर कोई सवाल हो तो सीधे संपर्क करें और पीड़िता से आवेदन फॉर्म भरवाकर भेजें, ताकि आगे की प्रक्रिया पूरी की जा सके.

    ईमेल में न्यूयॉर्क के अपराध पीड़ित मुआवजा कार्यक्रम का भी जिक्र था. साथ ही कहा गया था कि जरूरत पड़ने पर एफबीआई को संबंधित दस्तावेज भेजे जाएंगे. इसके अलावा कुछ ईमेल में भारत के एक कारोबारी और जनसंपर्क क्षेत्र से जुड़े व्यक्ति का भी जिक्र है. एक बातचीत में भारत में फैली कथित झूठी खबरों और पुराने आरोपों पर चर्चा की गई. इसमें कहा गया कि इन मामलों की पहले जांच हो चुकी है और कोई नया आरोप सामने नहीं आया है.

    एक पुराने ईमेल में एक महिला ने उड़ान के दौरान अपने साथ हुए गलत व्यवहार का अनुभव साझा किया था. उसने बताया कि विमान में उसके पास बैठे एक बुजुर्ग व्यक्ति ने शराब के नशे में अनुचित हरकत की. इन दस्तावेजों के सामने आने के बाद मामले को लेकर एक बार फिर चर्चा तेज हो गई है. हालांकि संबंधित एजेंसियों की ओर से इन ईमेल पर विस्तृत आधिकारिक प्रतिक्रिया का इंतजार है.


    the newspost app
    Thenewspost - Jharkhand
    50+
    Downloads

    4+

    Rated for 4+
    Install App

    Our latest news