टीनपी डेस्क (TNP DESK): चीन में मौसम के बदले मिजाज और प्राकृतिक आपदाओं ने भारी तबाही मचा दी है. देश के कई हिस्सों में आई बाढ़, तेज आंधी-तूफान और भूस्खलन की घटनाओं में अब तक कम से कम 11 लोगों की मौत हो चुकी है, जबकि 330 से ज्यादा लोग घायल बताए जा रहे हैं. हालात की गंभीरता को देखते हुए चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग ने राहत और बचाव कार्यों को तेज करने के निर्देश दिए हैं. उन्होंने अधिकारियों से कहा है कि प्रभावित इलाकों में तेजी से राहत पहुंचाई जाए और लोगों की सुरक्षा के लिए हर संभव कदम उठाए जाएं.
सरकारी समाचार एजेंसी सिन्हुआ के अनुसार, पूर्वी हुबेई प्रांत में सोमवार रात आए भीषण बवंडर, तेज हवाओं और मूसलाधार बारिश ने भारी नुकसान पहुंचाया. इस प्राकृतिक आपदा में 11 लोगों की मौत हो गई, जबकि एक व्यक्ति के लापता होने की खबर है. इसके अलावा तीन अलग-अलग इलाकों में कम से कम 331 लोग घायल हुए हैं. प्रशासन ने तुरंत कार्रवाई करते हुए 400 से ज्यादा लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया है. तूफान की ताकत का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि कई क्षेत्रों में बड़े पैमाने पर संपत्ति को नुकसान पहुंचा है. करीब 22 इमारतें पूरी तरह ध्वस्त हो गईं, जबकि 4,855 मकानों को नुकसान पहुंचा है.
वहीं, उत्तर-पश्चिम चीन के गांसु प्रांत के लोंगनान शहर में मंगलवार तड़के एक बड़ा भूस्खलन हुआ. इस घटना में करीब 33 लोगों के मलबे में दबे होने की आशंका जताई गई है. राहत और बचाव दल ने अब तक 17 लोगों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया है, जबकि अन्य लोगों की तलाश के लिए बड़े स्तर पर अभियान चलाया जा रहा है. राष्ट्रपति शी जिनपिंग ने अधिकारियों को निर्देश दिया है कि बाढ़, भूस्खलन और अन्य आपदाओं से प्रभावित क्षेत्रों में बचाव अभियान में तेजी लाई जाए. साथ ही घायलों के बेहतर इलाज और प्रभावित लोगों को जरूरी सहायता उपलब्ध कराने पर विशेष ध्यान देने को कहा गया है. प्रशासन लगातार स्थिति पर नजर बनाए हुए है.

