लोहरदगा में गेंदे की बहार, कभी रही बंजर ज़मीन अब ग्रामीणों को दे रही रोज़गार
लोहरदगा जिला का चिरी जंगल, कभी इस जंगल की आड़ में ग्रामीण अफीम की खेती करते थे. लेकिन समय और राज्य सरकार के प्रयास ने इस क्षेत्र में रहने वाले लोगों की सोच बदल कर रख दी. अब इस इलाके में ग्रामीण गेंदा फूल की खेती कर रहे है. दीपावली और छठ पूजा के मौके पर इन फूलों की मांग बहुत बढ़ गई है. दूसरे राज्यों में पसीना बहाने वाले ग्रामीण अब अपनी माटी को सुंगधित कर रहे हैं. जिला उधान विभाग की ओर से इन्हें फूलों का पौधा उपलब्ध कराया गया, जिसे ये किसान अपनी चार एकड़ की बंजर हो रही भूमि पर लगा हे है.

