रांची और बोकारो का क्या है कनेक्शन!एक ने पहलगाम हमले में कहा Thank u पाकिस्तान तो दूसरे ने सीज फायर पर कर दिया ISIS का समर्थन

    रांची और बोकारो का क्या है कनेक्शन!एक ने पहलगाम हमले में कहा Thank u पाकिस्तान तो दूसरे ने सीज फायर पर कर दिया ISIS का समर्थन

    रांची(RANCHI):  झारखंड में आतंकी गतिविधि बढ़ी हुई है. राजधानी रांची से लेकर बोकारो और हजारीबाग तक अलग अलग आतंकी संगठन के समर्थक सोशल मीडिया पर एक्टिव है.तभी तो जब पहलगाम में घटना हुई तो बोकारो का एक युवक THANK U  पाकिस्तान लिख रहा था. इसके बाद दूसरा रांची के हिन्द पीढ़ी का युवक सीजफायर होने पर देश के नक्से को ISIS झंडे में रंग कर सोशल मीडिया पर गजवा ए हिन्द का ऐलान कर दिया.दोनो मामले में आरोपी को पुलिस ने जेल भेज दिया है. लेकिन इस दोनों घटना के तार को जोड़ने की कोशिश जारी है. क्या बोकारो और रांची दोनों मामले में आपस में कनेक्शन है.

    इस सवाल का जवाब झारखंड पुलिस की विंग खोज रही है. फिलहाल आरोपी युवक अरमान मलिक को पुलिस ने निरुद्ध करते हुए बाल सुधार गृह भेज दिया है. इससे पहले बोकारो के नौशाद ने सोशल मीडिया पर पहलगाम हमले के बाद पाकिस्तान और आतंकी को धन्यवाद बोल रहा था. जिसे पुलिस ने गिरफ्तार कर जेल भेज दिया. इस मामले में ATS की जांच भी हुई. ATS ने इस मामले में पूछताछ किया.

    अब पहलगाम हमले को लेकर पाकिस्तान और भारत के बीच तनाव हुआ. सीमा पर युद्ध जैसे हालत बने. लेकिन आखिर में समझौता हुआ और सीजफायर का ऐलान कर दिया गया. इसके बाद रविवार को रांची के अरमान मलिक ने सोशल मीडिया पर देश विरोधी पोस्ट किया. इस मामले में रांची विधायक सीपी सिंह ने सवाल उठाया जिसके बाद पुलिस ने आरोपी अरमान को हिरासत में लिया. जब मोबाईल फोन की जांच हुई तो उसके कई ऐसे भड़काऊ पोस्ट मिले. जिसे बाद में बाल सुधार गृह भेज दिया है.

    अगर देखे तो रांची से लेकर हजारीबाग और धनबाद से लोहरदगा तक झारखंड में हाल के दिनों में आतंकी गतिविधि देखने को मिली है.अलकायदा से लेकर इंडियन मुजाहिद्दीन और हिज़्ब उत तहरीर आतंकी संगठन के समर्थक की गिरफ़्तारी हुई है. ऐसे में पुलिस के लिए भी एक चुनौती है कि ऐसे लोगों की पहचान कर उन्हे सलाखों के पीछे भेजे. और झारखंड में बचाया जा सके.                         


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