रांची (RANCHI) : सदन में विपक्ष की नेता और कांग्रेस की वरिष्ठ नेता सोनिया गांधी की मुश्किलें एक बार फिर बढ़ती नजर आ रही हैं. दोनों नेताओं के खिलाफ राजधानी रांची के एसटी-एससी थाने में जनजाति सुरक्षा मंच की ओर से शिकायत दर्ज कराई गई है. दोनों नेताओं पर आदिवासी महिला का अपमान करने का आरोप लगाया गया है. दरअसल, संसद के बजट सत्र के पहले दिन सोनिया गांधी ने महामहिम को ‘बेचारी’ कहा था. जिसके बाद बीजेपी ने कांग्रेस पर हमलावर हो गई. राष्ट्रपति के अभिभाषण पर राज्यसभा सांसद सोनिया गांधी ने कहा था कि राष्ट्रपति अंत तक बहुत थक चुकी थी. वह बमुश्किल से बोल पा रही थी. इस दौरान सोनिया गांधी ने कथित तौर पर 'Poor Thing' शब्दों का इस्तेमाल किया.
जानिए आवेदन में क्या है
नामकुम निवासी अंजली लकड़ा ने अपने आवेदन में लिखा है कि 31 जनवरी 2025 को संसद में बजट सत्र के अभिभाषण के बाद सोनिया गांधी और राहुल गांधी ने महामहिम राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू के लिए ‘बोरिंग’ शब्द का प्रयोग किया है. राहुल गांधी ने राष्ट्रपति को बोरिंग कहकर अपमानित किया और श्रीमती गांधी ने राष्ट्रपति को बेचारी, लाचार, बेचारी और थकी हुई कहा तथा भारत के सर्वोच्च पद पर आसीन राष्ट्रपति, भारत की प्रथम नागरिक, तीनों सेनाओं की प्रमुख द्रौपदी मुर्मू को एक सुनियोजित साजिश के तहत सुनियोजित तरीके से मानसिक रूप से प्रताड़ित किया गया.
यह अपमान पूरे देश के साथ-साथ अनुसूचित जनजाति आदिवासी समाज का भी अपमान है. आवेदन में अंजली लकड़ा ने अनुरोध किया है कि मामले में अनुसूचित जाति, अनुसूचित जनजाति अत्याचार अधिनियम 1989 के तहत उचित कानूनी कार्रवाई की जाए.
Thenewspost - Jharkhand
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