Tnp desk: नवरात्रि का पावन पर्व जहां एक ओर श्रद्धा और परंपरा का संगम होता है, वहीं अब इसमें आधुनिकता की एंट्री ने नई बहस छेड़ दी है. कन्या पूजन जिसमें पारंपरिक तौर पर हलवा-पूरी और चने का प्रसाद परोसा जाता है अब कई जगहों पर पिज़्ज़ा, बर्गर और नूडल्स जैसे फास्ट फूड से रिप्लेस होता नजर आ रहा है.
हलवा-पूरी की जगह फास्ट फूड
देश के अलग-अलग हिस्सों से ऐसी तस्वीरें और वीडियो सामने आ रहे हैं जहां छोटी-छोटी कन्याओं को प्रसाद के रूप में फास्ट फूड परोसा जा रहा है. आयोजकों का कहना है कि बच्चों की पसंद को ध्यान में रखते हुए यह बदलाव किया गया है ताकि वे खुशी-खुशी पूजन में शामिल हों.
कन्या पूजन सिर्फ भोजन कराने का कार्यक्रम नहीं, यह एक परंपरा है जिसमें सादगी और सात्विकता का विशेष महत्व होता है. लेकिन अब बदलते ट्रेंड के साथ ये भी बदल रहा है.
सोशल मीडिया पर छिड़ी बहस
सोशल मीडिया पर इस मुद्दे को लेकर तीखी बहस छिड़ गई है. कुछ लोग इसे समय के साथ बदलाव और बच्चों की पसंद का सम्मान बता रहे हैं, तो कुछ इसे परंपराओं के साथ छेड़छाड़ मान रहे हैं.
क्या परंपराओं को समय के साथ बदलना चाहिए ?
अब सवाल यह है कि क्या परंपराओं को समय के साथ बदलना चाहिए या उन्हें उसी रूप में बनाए रखना चाहिए? आस्था और आधुनिकता के बीच यह संतुलन कैसे बने यह बहस अभी जारी है.
Thenewspost - Jharkhand
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