साहिबगंज में गंगा नदी का रौद्र रूप, रेल पटरी पर मंडराया खतरा, कई ट्रेन रद्द

जिले में बाढ़ का खतरा बढ़ता जा रहा है और गंगा अब अपने रौद्र रूप में पहुंच चुकी हैं, जिसकी वजह से गंगा कटाव रेलवे के लिए एक बड़ी चुनौती बन गई है.

साहिबगंज में गंगा नदी का रौद्र रूप, रेल पटरी पर मंडराया खतरा, कई ट्रेन रद्द

साहिबगंज(Sahibganj): जिले में बाढ़ का खतरा बढ़ता जा रहा है और गंगा अब अपने रौद्र रूप में पहुंच चुकी हैं, जिसकी वजह से गंगा कटाव रेलवे के लिए एक बड़ी चुनौती बन गई है. मालदा रेलखंड के महाराजपुर रेलवे स्टेशन और सकरीगली के बीच झुंझरी पुल के पास गंगा का तेज बहाव जमीन को अपने चपेट में ले रहा है और इसी को लेकर रेलवे की चिंता भी बढ़ गई है, क्योंकि कटाव अब रेल की पटरी से सिर्फ 15 से 20 मीटर दूर है. और खतरे की गंभीरता को देखते हुए रेलवे ने कई एक्सप्रेस ट्रेन के रूट को डायवर्ट भी कर दिया है और लोकल ट्रेन को रद्द कर दिया गया है.

क्या है पूरा मामला

महाराजपुर-सकरीगली के बीच झुंझरी पुल के समीप गंगा का प्रचंड कटाव रेलवे के लिए चिंता का सबब बन गया है. वहीं बीते दिनों 29 सितंबर से डाउन लाइन के पोल संख्या 219/32 के पास गंगा की तेज धारा ने अचानक कटाव की रफ्तार बढ़ा दी. देखते ही देखते नदी का कटाव रेल पटरी से करीब 15 मीटर की दूरी तक जा पहुंचा.

हालात की गंभीरता को भांपते हुए पूर्व रेलवे प्रशासन ने तत्काल एहतियाती कदम उठाते हुए बचाव कार्य तेज कर दिया, वहीं मालदा रेलखंड के डीआरएम मनीष कुमार गुप्ता के निर्देश पर रेलवे कर्मियों की टीम ने बांस, बोल्डर और बाकी सुरक्षात्मक सामग्री के जरिए कटाव को थामने और प्रभावित तट को मजबूती देने में जुटी है.

इसके बाद से रेलवे प्रशासन लगातार पूरे इलाके पर पैनी नजर बनाए हुए है. गंगा की तेज रफ्तार धारा और लगातार हो रहे भू-क्षरण के कारण आसपास की मिट्टी खिसक रही है. इससे रेल ट्रैक के समीप की जमीन पर दबाव बढ़ता जा रहा है. रेलवे की टीम लगातार कटाव रोधी अभियान चला रही है, ताकि नदी का क्षरण रेल पटरी तक न पहुंचे और रेल परिचालन की सुरक्षा बरकरार रहे.

DRM मनीष कुमार ने लिया जायज

आगे DRM मनीष कुमार गुप्ता ने बताया कि रेलवे के संबंधित अधिकारी और कर्मचारी स्थिति का जायजा लेने के साथ-साथ प्रभावित हिस्से की सतत निगरानी कर रहे हैं. जरूरत के मुताबिक अतिरिक्त संसाधन और बचाव सामग्री भी उपलब्ध कराई जा रही है. वहीं स्थानीय ग्रामीणों के मुताबिक गंगा की तेज धारा और बढ़ते जलप्रवाह के कारण क्षेत्र में लगातार भू-कटाव हो रहा है. अचानक बढ़े कटाव ने आसपास के लोगों की चिंता और आशंका भी बढ़ा दी है.

फिलहाल गंगा के प्रचंड कटाव के सामने रेलवे प्रशासन पूरी मुस्तैदी से डटा हुआ है. बोल्डर और गिट्टी के सहारे कटाव को रोकने की कवायद जारी है. अब देखना यह रहेगा कि गंगा की धारा का रुख आने वाले समय में क्या करवट लेता है और रेलवे की यह बचाव मुहिम कटाव को कितना नियंत्रित कर पाती है.

 

रिपोर्ट- गोविंद ठाकुर