झारखंड में आज फिर बदलेगा मौसम, गरज-चमक के साथ बारिश और तेज हवा का अलर्ट

झारखंड में 9 सितंबर को मौसम बदला रहेगा. कई जिलों में गरज-चमक के साथ बारिश और 30 से 40 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवा चलने का अलर्ट है.

झारखंड में आज फिर बदलेगा मौसम, गरज-चमक के साथ बारिश और तेज हवा का अलर्ट

रांची (RANCHI): झारखंड में मानसून की सक्रियता के बीच 9 सितंबर को मौसम का मिजाज बदला रहने वाला है. राज्य के कई हिस्सों में गरज-चमक के साथ बारिश और कुछ स्थानों पर तेज हवा चलने की संभावना है. मौसम विभाग के पूर्वानुमान के अनुसार बुधवार को राज्य में कहीं-कहीं आंधी-तूफान के साथ बारिश हो सकती है. ऐसे में लोगों को वज्रपात के दौरान विशेष सावधानी बरतने की सलाह दी गई है.

कई जिलों में बारिश और तेज हवा का अलर्ट

9 सितंबर को झारखंड के कई जिलों में गरज के साथ बारिश होने की संभावना है. बोकारो, देवघर, धनबाद, दुमका, पूर्वी सिंहभूम, गिरिडीह, गोड्डा, जामताड़ा, खूंटी, पाकुड़, रामगढ़, रांची, साहिबगंज, सरायकेला-खरसावां, सिमडेगा और पश्चिमी सिंहभूम में मौसम के सक्रिय रहने की संभावना है. इन इलाकों में गरज-चमक के साथ 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवा चल सकती है. कुछ स्थानों पर वज्रपात का खतरा भी बना रहेगा.

रांची समेत प्रमुख शहरों में कैसा रहेगा तापमान?

राजधानी रांची में 9 सितंबर को अधिकतम तापमान करीब 32 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 24 डिग्री सेल्सियस के आसपास रह सकता है. जमशेदपुर में अधिकतम तापमान करीब 32 डिग्री और न्यूनतम 24 डिग्री रहने का अनुमान है. धनबाद में अधिकतम तापमान 32 डिग्री और न्यूनतम 24 डिग्री, बोकारो में 31 डिग्री और 24 डिग्री, देवघर में 31 डिग्री और 24 डिग्री, जबकि दुमका में तापमान करीब 30 डिग्री अधिकतम और 25 डिग्री न्यूनतम रह सकता है. हजारीबाग में अधिकतम तापमान करीब 29 डिग्री और न्यूनतम 24 डिग्री रहने की संभावना है.

मौसम विभाग के पूर्वानुमान के मुताबिक 9 सितंबर के बाद भी झारखंड में बारिश की गतिविधियां पूरी तरह थमने वाली नहीं हैं. 10 सितंबर को भी कई इलाकों में बौछारें पड़ सकती हैं, जबकि इसके बाद भी कुछ हिस्सों में हल्की से मध्यम बारिश का दौर जारी रहने की संभावना है. बारिश के साथ आकाशीय बिजली गिरने की आशंका को देखते हुए लोगों को खुले मैदान, खेत और पेड़ों के नीचे जाने से बचने की सलाह दी गई है. गरज-चमक शुरू होने पर सुरक्षित स्थान पर रहना बेहतर होगा. किसानों और ग्रामीण क्षेत्रों में रहने वाले लोगों को भी मौसम की चेतावनी पर नजर रखने की जरूरत है.