JPSC-JSSC विवाद पर झारखंड में घमासान, BJP ने CM आवास घेरा, कई नेता-विधायक हिरासत में

JPSC-JSSC विवाद को लेकर झारखंड में सियासी घमासान तेज हो गया है. BJP नेताओं ने CM आवास का घेराव कर JPSC परीक्षा रद्द करने और CBI जांच की मांग की, जिसके बाद कई नेता और कार्यकर्ता हिरासत में लिए गए. वहीं, विधानसभा की कार्यवाही विपक्ष की गैरमौजूदगी में शुरू हुई.

JPSC-JSSC विवाद पर झारखंड में घमासान, BJP ने CM आवास घेरा, कई नेता-विधायक हिरासत में

रांची (RANCHI): झारखंड विधानसभा के मानसून सत्र जारी है लेकिन इस दौरान राज्य में भर्ती परीक्षाओं JPSC और JSSC में कथित धांधली और अनियमितताओं को लेकर सियासी घमासान तेज हो गया है. वहीं, विधानसभा के मानसून सत्र की कार्यवाही सोमवार को विपक्षी विधायकों की गैरमौजूदगी में शुरू हुई. मुख्य विपक्षी दल BJP और NDA के विधायक लगातार सरकार के खिलाफ विरोध प्रदर्शन कर रहे हैं. सोमवार को भी इस मुद्दे को लेकर विपक्ष ने सरकार पर निशाना साधा. विपक्ष की ओर से भर्ती परीक्षाओं में कथित गड़बड़ियों की निष्पक्ष जांच, जिम्मेदार लोगों पर कार्रवाई और अभ्यर्थियों के हित में ठोस कदम उठाने की मांग की जा रही है. JPSC-JSSC विवाद को लेकर लगातार हो रहे प्रदर्शन से विधानसभा के बाहर और भीतर दोनों जगह राजनीतिक माहौल गर्म बना हुआ है.

इसी बीच BJP के कई विधायक, पूर्व विधायक, नेता और कार्यकर्ता अचानक मुख्यमंत्री आवास का घेराव करने पहुंच गए. प्रदर्शनकारियों ने CM आवास के पास पहुंचकर JPSC परीक्षा रद्द करने और पूरे मामले की CBI जांच कराने की मांग को लेकर जोरदार प्रदर्शन किया. BJP नेताओं और कार्यकर्ताओं ने सरकार के खिलाफ नारेबाजी की और भर्ती परीक्षाओं में पारदर्शिता सुनिश्चित करने की मांग उठाई. हालांकि, CM आवास घेराव का यह कार्यक्रम पहले से निर्धारित नहीं था. विधानसभा घेराव और छात्रों के आंदोलन के बीच अचानक BJP नेताओं के CM आवास पहुंचने से पुलिस प्रशासन को तत्काल सुरक्षा व्यवस्था बढ़ानी पड़ी. मौके पर पुलिस बल की तैनाती की गई और प्रदर्शनकारियों को आगे बढ़ने से रोकने का प्रयास किया गया.

स्थिति को नियंत्रित करने के लिए पुलिस ने BJP के कई विधायकों, पूर्व विधायकों, नेताओं और कार्यकर्ताओं को हिरासत में ले लिया. पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को CM आवास के आसपास से हटाया और उन्हें वहां से ले गई. BJP नेताओं का कहना है कि JPSC और JSSC जैसी महत्वपूर्ण भर्ती परीक्षाओं में कथित अनियमितताओं से हजारों युवाओं का भविष्य प्रभावित हो रहा है, इसलिए सरकार को उनकी मांगों पर गंभीरता से फैसला लेना चाहिए. वहीं, विपक्ष लगातार CBI जांच की मांग पर जोर दे रहा है. दूसरी ओर, विधानसभा की कार्यवाही विपक्ष की अनुपस्थिति में शुरू होने से राजनीतिक टकराव और बढ़ गया है. छात्रों के आंदोलन के साथ BJP और NDA के विरोध ने JPSC-JSSC विवाद को राज्य की राजनीति का प्रमुख मुद्दा बना दिया है.