टीएनपी डेस्क(TNP DESK): फुटबॉल की दुनिया के सबसे बड़ा और एशिया के सबसे पुराने टूर्नामेंट 'डूरंड कप' (135वां सीजन) के कुछ मैचों की मेजबानी इस बार रांची को मिली है. 26 जुलाई से बिरसा मुंडा फुटबॉल स्टेडियम में इस ऐतिहासिक टूर्नामेंट के ग्रुप-सी के मुकाबले शुरू होने जा रहे हैं.
इस बड़े खेल आयोजन को लेकर शहर पूरी तरह तैयार हो गया है. शनिवार को रांची के उपायुक्त मंजूनाथ भजंत्री ने सेना के अधिकारियों और जिला प्रशासन की टीम के साथ स्टेडियम का बारीकी से जायजा लिया. उन्होंने खिलाड़ियों की सुरक्षा, दर्शकों की सहूलियत, ट्रैफिक मैनेजमेंट, बिजली-पानी और मेडिकल सुविधाओं को लेकर अधिकारियों को कड़े निर्देश दिए हैं.
कब और कहाँ होंगे मैच?
यह पूरा टूर्नामेंट 25 जुलाई से शुरू होकर 23 अगस्त तक चलेगा, जिसका पहला ओपनिंग मैच कोलकाता में मोहन बागान और ईस्ट बंगाल जैसी दिग्गज टीमों के बीच खेला जाएगा. इस बार कुल 24 टीमें इसमें हिस्सा ले रही हैं, जिन्हें 6 ग्रुप्स में बांटा गया है. मैच कोलकाता, रांची, इम्फाल, शिलांग और गुवाहाटी में आयोजित होने हैं.
रांची में ग्रुप-सी की इन चार टीमों के बीच होगी भिड़ंत
रांची के बिरसा मुंडा स्टेडियम में ग्रुप-सी के तहत कुल चार प्रमुख टीमें खिताब के लिए अपनी दावेदारी पेश करेंगी. इस ग्रुप में इंडियन सुपर लीग की जमशेदपुर एफसी के साथ-साथ स्पोर्टिंग क्लब दिल्ली, भारतीय वायुसेना की फुटबॉल टीम और श्रीलंका की डिफेंडर्स एफसी शामिल हैं.

26 जुलाई से शुरू होगा मुकाबलों का रोमांच
इस मैदान पर फुटबॉल के महाकुंभ की शुरुआत 26 जुलाई को होने वाले उद्घाटन मैच से होगी, जिसमें जमशेदपुर एफसी का सामना श्रीलंका की डिफेंडर्स एफसी से होगा. इसके बाद ग्रुप दौर का अंतिम मैच 13 अगस्त को जमशेदपुर एफसी और भारतीय वायुसेना के बीच खेला जाएगा. इन ग्रुप मुकाबलों के खत्म होने के बाद, रांची के खेल प्रेमियों को 16 अगस्त को एक बेहद रोमांचक नॉकआउट क्वार्टर फाइनल मैच भी लाइव देखने का मौका मिलेगा.
प्रशासन की तैयारियां हैं पुख्ता
स्टेडियम के निरीक्षण के दौरान सुरक्षा और सुचारू व्यवस्था पर सबसे ज्यादा जोर दिया गया. मैच के दिनों में दर्शकों को ट्रैफिक जाम से बचाने के लिए एक स्पेशल पार्किंग प्लान तैयार किया जा रहा है. पूरे स्टेडियम परिसर में सीसीटीवी कैमरों से निगरानी रखी जाएगी और मुख्य द्वारों पर सख्त चेकिंग होगी. किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए डॉक्टरों की टीम, एम्बुलेंस, फायर ब्रिगेड और बिजली विभाग के स्टाफ को तैनात रहने के निर्देश दिए गए हैं.
