बड़ी खबर : गैंगस्टर प्रिंस खान और सुजीत सिन्हा गैंग पर UAPA का शिकंजा, जोड़ी गईं आतंकवादी गतिविधियों की धाराएं

बड़ी खबर : गैंगस्टर प्रिंस खान और सुजीत सिन्हा गैंग पर UAPA का शिकंजा, जोड़ी गईं आतंकवादी गतिविधियों की धाराएं

टीएनपी डेस्क(TNP DESK): झारखंड में संगठित अपराध और रंगदारी नेटवर्क के खिलाफ पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है. फरार चल रहे कुख्यात गैंगस्टर प्रिंस खान, जेल में बंद अपराधी सुजीत सिन्हा और उनके गैंग के सदस्यों के खिलाफ अब UAPA (गैरकानूनी गतिविधि रोकथाम अधिनियम) के तहत केस चलाया जाएगा. रांची के एयरपोर्ट थाना क्षेत्र स्थित होटल टिटॉस में रंगदारी के लिए हुई हत्या के मामले में पुलिस ने कोर्ट से UAPA की विभिन्न धाराएं जोड़ने की अनुमति मांगी थी, जिसे अदालत ने स्वीकार कर लिया है.

इस मामले में प्रिंस खान, सुजीत सिन्हा के अलावा राहुल राणा, कौशल पांडेय, गोडवीन खान और अन्य सदस्यों को भी आरोपी बनाया गया है. पुलिस ने इनके खिलाफ UAPA की धारा 16, 17, 18, 19 और 20 के तहत कार्रवाई शुरू की है. पुलिस जांच में सामने आए शूटरों के बयान के आधार पर राहुल राणा को भी केस में नामजद किया गया है. हत्या और रंगदारी से जुड़े मामले में नाम आने के बाद से वह फरार बताया जा रहा है. गिरफ्तारी से बचने के लिए दाखिल की गई उसकी अग्रिम जमानत याचिका को रांची सिविल कोर्ट पहले ही खारिज कर चुका है.

किन धाराओं में होगी कार्रवाई?
UAPA की धारा 16 और 17 आतंकवादी गतिविधियों और उसके लिए फंडिंग से जुड़ी हैं. वहीं धारा 18 आतंकी साजिश, धारा 19 आतंकियों को शरण देने और धारा 20 आतंकी संगठन या गिरोह का सदस्य होने से संबंधित है. इन गंभीर धाराओं के जुड़ने के बाद अब इस केस की जांच की जिम्मेदारी हटिया डीएसपी को सौंप दी गई है. पुलिस का मानना है कि प्रिंस खान और उसका नेटवर्क अब सिर्फ संगठित अपराध तक सीमित नहीं रह गया, बल्कि राज्य की शांति और सुरक्षा के लिए बड़ा खतरा बन चुका है.

हाल के दिनों में खुफिया इनपुट में यह बात भी सामने आई थी कि प्रिंस खान फिलहाल पाकिस्तान में छिपा हुआ है और वहीं से झारखंड में रंगदारी, धमकी और हत्या के नेटवर्क को ऑपरेट कर रहा है. बताया जा रहा है कि वह डिजिटल प्लेटफॉर्म के जरिए कारोबारियों को धमकाने और इलाके में दहशत फैलाने का काम कर रहा है. जांच एजेंसियों के अनुसार उसका गिरोह अब एक संगठित आतंकी मॉड्यूल की तरह काम कर रहा है.