जमशेदपुर (JAMSHEDPUR) : बरसात शुरू होते ही मलेरिया, डेंगू, डायरिया और टायफाइड जैसी बीमारियों का खतरा बढ़ जाता है. इसी को देखते हुए बहरागोड़ा सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी डॉ. उत्पल मुर्मू ने सभी सरकारी और निजी संस्थानों के साथ आम लोगों को भी साफ-सफाई रखने, पानी जमा नहीं होने देने और बुखार होने पर तुरंत सरकारी स्वास्थ्य केंद्र में जांच कराने की सलाह दी है.
सफाई और पानी जमा नहीं होने देने का निर्देश
जारी आदेश के अनुसार, प्रखंड के सभी प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र (पीएचसी), आयुष्मान आरोग्य मंदिर (एएएम), आंगनबाड़ी केंद्रों और सरकारी व निजी विद्यालयों के प्राचार्यों को अपने-अपने परिसर में भवन की दीवार से आठ फीट तक फैली झाड़ियों की तुरंत सफाई कराने और कहीं भी पानी जमा नहीं होने देने का निर्देश दिया गया है. इससे मच्छरों के पनपने पर रोक लगाई जा सकेगी.
मच्छरदानी का उपयोग सुनिश्चित करें
आवासीय विद्यालयों के वार्डनों को विशेष रूप से निर्देश दिया गया है कि सभी बच्चों के लिए दिन और रात दोनों समय मच्छरदानी का उपयोग सुनिश्चित करें. वहीं आम लोगों से भी घरों के कूलर, गमलों, पुराने टायरों और अन्य बर्तनों में पानी जमा नहीं होने देने की अपील की गई है.
गंभीर बीमारियों से बचा जा सकता है
डॉ. उत्पल मुर्मू ने लोगों को आगाह करते हुए कहा है कि बुखार आने पर किसी भी झोलाछाप डॉक्टर के पास इलाज कराने के बजाय तुरंत नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र जाएं. चिकित्सक की सलाह पर मलेरिया की आरडीटी जांच, सीबीसी सहित आवश्यक रक्त जांच कराने के बाद ही सही दवा लें. समय पर जांच और इलाज से गंभीर बीमारियों से बचा जा सकता है.
इस आदेश की प्रतिलिपि प्रखंड विकास पदाधिकारी (बीडीओ), शिक्षा प्रसार पदाधिकारी और सीडीपीओ को भी भेजी गई है. सभी संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिया गया है कि आदेश का सख्ती से पालन कराया जाए. स्वास्थ्य विभाग का उद्देश्य सामूहिक प्रयास और जनजागरूकता के माध्यम से पूरे बहरागोड़ा प्रखंड को मानसून के दौरान मलेरिया, डेंगू और अन्य संक्रामक बीमारियों से सुरक्षित रखना है.
रिपोर्ट - अरूण बारिक

