झारखंड में बड़ा पासपोर्ट फर्जीवाड़ा! 19 विदेशियों ने फर्जी दस्तावेजों से बनवाया भारतीय पासपोर्ट

झारखंड में जनवरी से अगस्त 2026 के बीच फर्जी दस्तावेजों के आधार पर भारतीय पासपोर्ट बनवाने वाले 19 विदेशी नागरिकों का खुलासा हुआ है. इनमें सबसे ज्यादा 9 मामले जमशेदपुर के हैं.

झारखंड में बड़ा पासपोर्ट फर्जीवाड़ा! 19 विदेशियों ने फर्जी दस्तावेजों से बनवाया भारतीय पासपोर्ट

जमशेदपुर (JAMSHEDPUR): झारखंड में पासपोर्ट से जुड़ा एक बड़ा फर्जीवाड़ा सामने आया है. जनवरी से अगस्त 2026 के बीच राज्य में 19 ऐसे लोगों की पहचान हुई, जिन्होंने कथित तौर पर फर्जी दस्तावेजों के आधार पर भारतीय पासपोर्ट हासिल किया था. पासपोर्ट वेरिफिकेशन के दौरान मामला सामने आने के बाद सभी 19 पासपोर्ट खारिज कर दिए गए. इन मामलों में सबसे ज्यादा नौ जमशेदपुर से हैं. इसके अलावा धनबाद के तीन, रांची और पश्चिमी सिंहभूम के दो-दो तथा बोकारो, साहिबगंज और ओडिशा से एक-एक मामला सामने आया है. बता दें, इससे पहले जमशेदपुर में तीन अफगानी नागरिकों के लंबे समय से रहने और फर्जी कागजात के जरिए मतदाता सूची में नाम दर्ज कराने का मामला सामने आया था.

दरअसल, रांची स्थित क्षेत्रीय पासपोर्ट कार्यालय की दोबारा जांच में इन लोगों की नागरिकता संदिग्ध पाई गई. जांच के अनुसार, इनमें अफगानी, बांग्लादेशी और अन्य देशों के नागरिक शामिल हैं. आरोप है कि भारतीय पहचान साबित करने के लिए फर्जी आधार कार्ड, पैन कार्ड और जन्म प्रमाणपत्र तैयार कराए गए और इन्हीं कागजात के आधार पर पासपोर्ट के लिए आवेदन किया गया. वेरिफिकेशन के दौरान दस्तावेजों और नागरिकता से जुड़ी जानकारी की जांच होने पर इन मामलों का खुलासा हुआ. इसके बाद संबंधित लोगों के पासपोर्ट रद्द कर दिए गए.

मामले की जानकारी संबंधित जिलों के डीसी, एसएसपी या एसपी और सुरक्षा एजेंसियों को दे दी गई है. अब पुलिस की ओर से एफआईआर दर्ज कर आगे की कार्रवाई की जाएगी. पासपोर्ट कार्यालय भी ऐसे संदिग्ध मामलों की जांच कर रहा है और आवेदन, दस्तावेजों तथा पुलिस वेरिफिकेशन रिकॉर्ड को खंगाला जा रहा है. सबसे बड़ा सवाल पुलिस सत्यापन और दस्तावेजों की जांच को लेकर उठ रहा है कि फर्जी कागजात होने के बावजूद ये मामले शुरुआती जांच में क्यों नहीं पकड़े गए. अब यह भी जांच की जा रही है कि फर्जीवाड़े में किसी बिचौलिए या संबंधित विभाग के किसी कर्मचारी की भूमिका थी या नहीं.