जमशेदपुर (JAMSHEDPUR): हाथी आम की बागवानी को काफी नुकसान पहुंचा रहे है. बिरसा हरित ग्राम योजना के तहत की गई आम की भगवानी हाथियों ने पूरी तरह से नष्ट कर दिया है. हाथी न सिर्फ आम चट कर गए बल्कि आम की पेड़ों को भी बर्बाद कर दिया है. इससे किसानों को लाखों का नुकसान हुआ है. पूर्वी सिंहभूम जिले के चाकुलिया वन क्षेत्र ने आम की फसल को हाथी सबसे अधिक नुकसान पहुंचा रहे हैं. जमुआ पंचायत में हाथियों का कहर सबसे अधिक है. इस पंचायत के कई गांव में हिस्सा हरित ग्राम योजना के तहत आम की बागवानी की गई है, इन आम के बगीचों को हाथी बुरी तरह से नुकसान पहुंचा रहे हैं. जमुआ गांव निवासी कुनू मुंडा की आम की बागवानी हाथियों ने पूरा नष्ट कर दिया है. कुनू मुंडा के आम के बागान में हाथी दो बार घुसे. 50 से अधिक आम के पेड़ हाथियों ने तोड़ डाले है. किसान के अनुसार उसे करीब 2 लाखा का नुकसान हुआ.
जमुआ पंचायत के जंगलों में 20 से अधिक हाथियों का एक दल विचरण कर रहा है. हाथी रात के समय गांवों में घुस रहे हैं और आम के अलावा अन्य फसलों को भी नुकसान पहुंचा रहे है. हाथियों के झुंड से राजभाषा के जंगल में शरण ले रखा है. भोजन और पानी की तलाश में हाथी गांवों में घुस रहे हैं और उत्पात मचा रहे है. बांस की फसल को भी हाथियों ने काफी नुकसान पहुंचाया है.
गौशाला की भी आम की बागवानी नष्ट की
हाथियों ने चाकुलिया नया बजाए स्थित गौशाला में भी आम की फसल की पूरी तरह नष्ट कर दिया है. 4 हाथी यहां जमे हुए हैं और फसलों को नुकसान पहुंचा रहे है. आम के पेड़ों को तोड़ दिया है. हाथियों के कारण ग्रामीण क्षेत्र में शाम ढलने से पहले ही लोग अपने घरों ने दुबक जा रहे हैं. हाथियों के कारण कई मार्ग भी अवरुद्ध हो रहा है. पश्चिम बंगाल से हाथियों का दल इलाके में हाल ही में घुसा है. कई गांव के लोग दहशत में है. वन विभाग हाथियों से सुरक्षा के लिए लोगों के बीच पटाखा, मशाल, मोबिल आदि का वितरण किया जा रहा है. चाकुलिया के विभिन्न क्षेत्रों में 50 से अधिक हाथी विचरण कर रहे है.