गुमला में MMDR संशोधन पर भाजपा का वार, दीपक प्रकाश बोले- विपक्ष कर रहा राजनीतिक विवाद
गुमला में MMDR संशोधन कानून को लेकर भाजपा ने प्रेसवार्ता की. दीपक प्रकाश ने कानून को खनन क्षेत्र के लिए महत्वपूर्ण बताते हुए विपक्ष पर राजनीतिक विवाद खड़ा करने का आरोप लगाया.
गुमला (GUMLA): खान एवं खनिज (विकास एवं विनियमन) यानी MMDR संशोधन अधिनियम 2026 को लेकर झारखंड में जारी राजनीतिक बहस के बीच भाजपा ने गुमला में प्रेसवार्ता की. भाजपा के वरिष्ठ नेता और पूर्व राज्यसभा सांसद दीपक प्रकाश ने संशोधन कानून को खनिज क्षेत्र में स्थिरता और स्पष्टता लाने वाला कदम बताया. उन्होंने कहा कि खनिज संपदा देश की अर्थव्यवस्था और औद्योगिक विकास के लिए महत्वपूर्ण है, इसलिए खनन क्षेत्र में स्पष्ट और पूर्वानुमेय व्यवस्था जरूरी है. दीपक प्रकाश ने आरोप लगाया कि विपक्ष कानून के प्रावधानों को लेकर राजनीतिक विवाद खड़ा कर रहा है और लोगों के बीच भ्रम पैदा करने की कोशिश कर रहा है.
दीपक प्रकाश ने कहा कि MMDR संशोधन का उद्देश्य खनिज क्षेत्र में निवेश को बढ़ावा देना और लंबे समय के लिए स्थिर व्यवस्था तैयार करना है. केंद्र सरकार का कहना है कि संशोधन के बाद राज्यों को मिलने वाले खनिज राजस्व की मौजूदा व्यवस्था खत्म नहीं होती और खनन क्षेत्र से जुड़े कुल कर एवं वैधानिक भुगतानों का बड़ा हिस्सा राज्यों को मिलता रहेगा. वहीं, संशोधन में खनिज-असर वाली भूमि तथा खनिज अधिकारों पर राज्यों द्वारा कुछ कर, उपकर या अन्य लेवी लगाने के लिए केंद्र द्वारा निर्धारित शर्तों का प्रावधान किया गया है.
झारखंड में इस कानून को लेकर विपक्षी दलों और राज्य सरकार की ओर से आपत्तियां उठाई गई हैं. उनका मुख्य मुद्दा राज्यों के खनिज अधिकार, राजस्व और कर लगाने की शक्तियों से जुड़ा है. राज्य सरकार ने कानून को चुनौती देने की बात भी कही है. वहीं भाजपा की ओर से इसे खनन क्षेत्र में निवेश, पारदर्शिता और रोजगार को बढ़ावा देने वाला कदम बताया जा रहा है. प्रेसवार्ता में दीपक प्रकाश ने भाजपा कार्यकर्ताओं से कानून के प्रावधानों को तथ्यों के साथ जनता तक पहुंचाने की अपील की. इस दौरान भाजपा जिलाध्यक्ष सागर उरांव, प्रदेश मंत्री मुन्ना साहू समेत कई पदाधिकारी और कार्यकर्ता मौजूद रहे.