दुमका: एक बेटी की मौत, कई सवाल; न्याय की गुहार लेकर सड़क पर उतरे परिजन और ग्रामीण
दुमका: जिले के काठीकुंड में किशोरी की मौत मामले में शनिवार को आक्रोशित परिजनों, ग्रामीणों, छात्र-छात्राओं और छात्र नेताओं ने न्याय की मांग को लेकर प्रदर्शन किया. पोस्टमार्टम के बाद किशोरी का शव मधुबन चौक के समीप दुमका-पाकुड़ मुख्य मार्ग पर रखकर जाम कर दिया गया.
दुमका: जिले के काठीकुंड में किशोरी की मौत मामले में शनिवार को आक्रोशित परिजनों, ग्रामीणों, छात्र-छात्राओं और छात्र नेताओं ने न्याय की मांग को लेकर प्रदर्शन किया. पोस्टमार्टम के बाद किशोरी का शव मधुबन चौक के समीप दुमका-पाकुड़ मुख्य मार्ग पर रखकर जाम कर दिया गया. प्रदर्शनकारी मामले में शामिल आरोपियों की जल्द गिरफ्तारी और पीड़ित परिवार को न्याय दिलाने की मांग कर रहे थे. घटना से आक्रोशित किशोरी की सहपाठी छात्राओं ने भी आवाज बुलंद की.
आरोपी की गिरफ्तारी और सख्त सजा की मांग
प्रदर्शनकारियों की मांग थी कि मामले में शामिल सभी आरोपियों को गिरफ्तार कर कड़ी सजा दिलाई जाए. इसके अलावा पीड़ित परिवार के पिता को सरकारी नौकरी देने, भाई-बहनों की निःशुल्क शिक्षा की व्यवस्था करने और परिवार को उचित मुआवजा देने की मांग उठाई गई. प्रदर्शन के कारण दुमका पाकुड़ मुख्य मार्ग पर आवागमन प्रभावित रहा.
अधिकारियों ने की समझाने की कोशिश
जाम की सूचना मिलने पर काठीकुंड बीडीओ सौरभ कुमार, सीओ ममता मरांडी, इंस्पेक्टर लौरेंसिया करकट्टा, थाना प्रभारी बलराम कुमार सिंह और गोपीकांदर थाना प्रभारी सुमित कुमार मौके पर पहुंचे. अधिकारियों ने परिजनों और प्रदर्शनकारियों से बातचीत कर उन्हें समझाने का प्रयास किया. कार्रवाई का आश्वासन दिए जाने के बावजूद लोग तत्काल ठोस कार्रवाई की मांग पर अड़े रहे. प्रदर्शनकारियों ने चेतावनी दी कि जल्द कार्रवाई नहीं होने पर व्यापक जन आंदोलन किया जाएगा.
परिजनों ने जताई दुष्कर्म के बाद हत्या की आशंका
किशोरी का शव मिलने के बाद परिजनों ने दुष्कर्म के बाद गला दबाकर हत्या किए जाने की आशंका जताई है. मृतका के पिता के अनुसार बेटी के गले पर गहरे निशान और शरीर पर खरोंच के निशान थे. उन्होंने कहा कि परिवार की गांव में किसी से दुश्मनी नहीं है. ऐसे में बेटी की मौत के पीछे की सच्चाई सामने आनी चाहिए. हालांकि, पुलिस की ओर से फिलहाल दुष्कर्म की पुष्टि नहीं की गई है. मामले की जांच के बाद ही घटना की वास्तविक परिस्थितियां स्पष्ट हो सकेंगी.
सहायता राशि और सरकारी लाभ के आश्वासन पर हटा जाम
प्रशासन की ओर से किशोरी के अंतिम संस्कार के लिए परिजनों को सहायता राशि उपलब्ध कराई गई. साथ ही मामले में नियमानुसार आवश्यक कार्रवाई करने और पीड़ित परिवार को पात्र सरकारी लाभ दिलाने का आश्वासन दिया गया. अधिकारियों ने परिजनों और प्रदर्शनकारियों को समझाया कि मामले में उचित कार्रवाई की जाएगी.
प्रशासन के आश्वासन और अंतिम संस्कार के लिए सहायता राशि मिलने के बाद प्रदर्शनकारी शांत हुए और सड़क जाम हटा लिया गया. इसके बाद परिजन किशोरी के शव को अंतिम संस्कार के लिए घर ले गए. जाम हटने के बाद दुमका पाकुड़ मुख्य मार्ग पर आवागमन सामान्य होने लगा. हालांकि, घटना को लेकर क्षेत्र में शोक और आक्रोश का माहौल बना हुआ है. ग्रामीणों की मांग है कि मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए.