धनबाद में कोयला माफियाओं की फिर गूंज, तिलमिलाए सफेदपोशों की करतूत से कैसे खड़ा हुआ बड़ा सवाल

धनबाद कोयलांचल में 80 -90 दशक के माफिया तो दिवंगत हो गए हैं, कुछ स्वाभाविक मौत मरे तो कुछ गोलियां से मौत के घाट उतार दिए गए. यह सब कहानी अब कोयलांचल के लिए बहुत पुरानी हो गई है. अभी माफिया के "यूथ विंग" धनबाद में है. इसके अलावे कई नए माफिया तैयार हो गए हैं

धनबाद में कोयला माफियाओं की फिर गूंज, तिलमिलाए सफेदपोशों की करतूत से कैसे खड़ा हुआ बड़ा सवाल

धनबाद(DHANBAD): धनबाद कोयलांचल में 80 -90 दशक के माफिया तो दिवंगत हो गए हैं, कुछ स्वाभाविक मौत मरे तो कुछ गोलियां से मौत के घाट उतार दिए गए.  यह सब कहानी अब कोयलांचल  के लिए बहुत पुरानी हो गई है.  अभी माफिया के "यूथ  विंग" धनबाद में है.  इसके अलावे कई नए माफिया तैयार हो गए हैं.  कोयला चोरी, तस्करी -अवैध उत्खनन में माफियागिरी खूब चल रही है.  अवैध कोयला खनन से कोयला माफिया इतने ताकतवर हो गए हैं कि वह किसी भी एक्शन की दिशा को मोड़ने की ताकत जुटा  लिए है.  धनबाद में कोयला चोरी एक बड़ी बीमारी बन गई है. 

बिना पूंजी -पगहा के कोयला चोरी का धंधा चलता है 

 बिना पूंजी -पगहा के  यह धंधा धनबाद में खूब चलता है.  पिछले कुछ महीनो से अवैध खनन से जुड़े कोयला माफिया पर नकेल कसने की करवाई शुरू हुई है.  परिणाम हुआ है कि कोयला माफिया बिलबिला  गए हैं.  केंद्रीय  गृह मंत्रालय ने जब कोयला चोरी के मामले में हस्तक्षेप किया तो तेज एक्शन शुरू हो गया है.  इसके बाद अवैध खनन से जुड़े कोयला माफिया अब कोयला अधिकारियों को टारगेट कर रहे हैं.  यह अलग बात है कि प्रवर्तन निदेशालय ने भी  दो चरणों में कोयला चोरी को लेकर छापेमारी कर चुका है.  आधा दर्जन लोगों को पूछताछ के लिए रांची कार्यालय बुलाया भी गया है.  जैसे-जैसे जांच आगे बढ़ेगी, चौंकाने वाले खुलासे  होते जाएंगें। 

महाप्रबंधकों के बाद अब सीएमडी को किया जा रहा टारगेट 
 
सबसे बड़ी चौंकाने वाली बात यह सामने आई है कि एरिया के महाप्रबंधकों के साथ बदतमीजी करने वाले अवैध खनन से जुड़े कोयला माफिया अब बीसीसीएल के सीएमडी  को भी धमका रहे है.  वह चाहते हैं कि अवैध खनन के खिलाफ चल रहे एक्शन  को भी रोक दिया जाए.  दूसरी ओर बीसीसीएल के सीएमडी मनोज अग्रवाल कार्यभार ग्रहण करने के साथ ही कोयला चोरी और अवैध उत्खनन के खिलाफ बोलना शुरू किया था.  जब यह मामला दिल्ली पहुंचा, तो एक्शन तेज हुआ. बता दें कि बीसीसीएल के सीएमडी मनोज अग्रवाल को कोयला माफियाओं से जान का खतरा है. उन्होंने झारखंड हाईकोर्ट के जस्टिस को बताया कि कोयला माफिया उन्हें जान से मारने की साजिश रच रहे है. कोयला चोरी के खिलाफ सख्ती बढ़ाने पर कोयला माफिया उनकी हत्या की साजिश रच रहे हैं. 

सीआईएसएफ के जवानों ने दी है सीएमडी को सूचना 

उन्होंने यह भी बताया कि सीआईएसएफ के जवानों ने उनकी हत्या की साजिश की सूचना उन्हें दी है. दरअसल, रांची हाई कोर्ट में धनबाद में बढ़ते वायु प्रदूषण को लेकर दाखिल जनहित याचिका की सुनवाई के दौरान सीएमडी ने कहा कि धनबाद के कोयला माफिया उनकी हत्या कराना चाहते हैं. इसके बाद धनबाद पुलिस सक्रिय हो गई है. गुरुवार की शाम सरायढेला थाना की पुलिस सीएमडी के आवास पर पहुंची. वहां तैनात सीआईएसएफ जवानों के साथ आवास की सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लिया. जवानों को सुरक्षा संबंधी दिशा निर्देश दिए गए हैं. दरअसल, सीएमडी   कोयला तस्करी के खिलाफ मुखर रहे हैं. सीएमडी का पद भार ग्रहण करने के बाद ही उन्होंने कहा था कि बीसीसीएल का कोयला कोई खरीदना नहीं चाहता. जबकि कोयला माफिया का कोयला बाजार में बिक रहा है .