Strange But True: बीसीसीएल में कर्मियों से अधिक यूनियन के सदस्यों की संख्या, खुलासे के बाद क्या करेंगी यूनियन 

Strange But True:  बीसीसीएल में कर्मियों से अधिक यूनियन के सदस्यों की संख्या, खुलासे के बाद क्या करेंगी यूनियन

धनबाद(DHANBAD): देश का  कोयला उद्योग शुक्रवार को किसी बड़ी खबर की प्रतीक्षा कर रहा है.  आज फाइनल हो जाएगा कि  कोयला उद्योग में चार लेबर कोड  लागू होगा अथवा कोल्  इंडस्ट्री को इससे छूट मिल जाएगी।  जानकारी के अनुसार कोलकाता में बैठक शुरू हो गई ही.  इस बैठक में बीएमएस, एचएमएस, एटक  और सीटू के प्रतिनिधि शामिल है.  उम्मीद की जा रही है कि 20% वोट की अनिवार्यता को लेकर यूनियन विरोध करेंगी।  इस बैठक में इंटक  को नहीं बुलाया गया है.  वैसे बैलेट  व्यवस्था के खिलाफ मान्यता प्राप्त संगठन खड़े होने लगे है. 

बैलेट  व्यवस्था का लगातार किया जा रहा विरोध 

 इस बीच यह सवाल बड़ा हो गया है कि आखिर यूनियन बैलेट  व्यवस्था का खिलाफत क्यों कर रही है और चार लेबर कोड  में इस पर जोर क्यों दिया जा रहा है? इस बीच कोल इंडिया की सबसे बड़ी इकाई बीसीसीएल से मजदूरों का एक आंकड़ा हाथ लगा है.  यह आकड़ा बताता है कि मजदूरों की जितनी संख्या है, उससे अधिक यूनियन अपने सदस्यों की संख्या का दावा करती हैं.  मतलब साफ है कि अगर बैलेट  सिस्टम लागू हुआ तो यूनियनों के अस्तित्व पर संकट पैदा हो सकता है.  दरअसल, होता ऐसा है कि एक मजदूर को कई यूनियन का सदस्य बना लिया जाता है.  अगर बैले  व्यवस्था लागू हुई तो एक आदमी एक ही वोट दे सकता है. 

क्यों डरी हुई है कोयला उद्योग की यूनियन

 ट्रेड यूनियन नेताओं की सबसे बड़ी चिंता लेबर कोड  में मान्यता प्राप्त वार्ताकार यूनियन अथवा वार्ताकार परिषद के गठन के लिए प्रस्तावित चुनावी व्यवस्था को लेकर है.  यूनियन नेताओं का कहना है कि कोल इंडिया जैसे बहु यूनियन ढांचे वाले संगठन में किसी एक यूनियन को 20% या उससे अधिक मत प्राप्त करना आसान नहीं होगा।  उनका यह भी कहना है कि यदि कोई संगठन निर्धारित सीमा तक समर्थन हासिल नहीं कर पता है, तो प्रतिनिधित्व को लेकर नए विवाद खड़े हो सकते हैं.  इससे औद्योगिक संबंध भी बिगड़ सकता है.  बीसीसीएल के आंकड़े जो सामने आए हैं, वह चौंकाने वाले है.  बीसीसीएल में कुल 13 यूनियन काम करती है.  आंकड़े के मुताबिक वर्ष 2022 में 40032, वर्ष 2023 में 37976,वर्ष 2024 में 35479 एव वर्ष 2025 में श्रम शक्ति 33019 बताई गई थी.  आकड़े के मुताबिक  के मुताबिक वर्ष 2023 – 24 में कुल 13 यूनियनों की सदस्यता 38844 और वर्ष 2024 – 25 में 47691 है.