सांसद-मेयर विवाद का साइड इफेक्ट! बिना उद्घाटन धनबाद से कैसे रवाना होगी अमृत भारत ट्रेन, जानिए
धनबाद से कोयंबटूर के बीच अमृत भारत ट्रेन की शुरुआत को लेकर रेलवे इस बार बिना किसी उद्घाटन कार्यक्रम के ट्रेन रवाना करने की तैयारी में है. अप्रैल के राजनीतिक विवाद के बाद रेल प्रशासन ने यह फैसला लिया है.
धनबाद (DHANBAD): इसी साल अप्रैल महीने में धनबाद से मुंबई के बीच चली धनबाद लोकमान्य तिलक टर्मिनस साप्ताहिक एक्सप्रेस ट्रेन के उद्घाटन के कार्यक्रम को लेकर धनबाद के सांसद ढुल्लू महतो और मेयर संजीव सिंह के बीच राजनीतिक विवाद हुआ था. विवाद का मुख्य बिंदु संजीव सिंह का आमंत्रण रद्द करने का था. रेलवे ने पहले मेयर संजीव सिंह और झरिया विधायक रागिनी सिंह को उद्घाटन में शामिल होने के लिए निमंत्रण दिया था. उद्घाटन कार्यक्रम शुरू होने के कुछ घंटे पहले रेलवे ने मेयर का निमंत्रण रद्द कर दिया और बैनर पोस्टर से उनके नाम हटा दिए.
बाद में सांसद ढुल्लू महतो ट्रेन को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया. इस विवाद में काफी तूल पकड़ा. संजीव सिंह ने भी इस मामले को गंभीरता से लिया और इसकी शिकायत दर्ज कराई. इसके बाद एक दूसरे के खिलाफ आरोप-प्रत्यारोप का भी दौर चला. आरोप तो यह भी लगा कि सांसद के दबाव में रेलवे अधिकारियों ने मेयर का निमंत्रण रद्द किया था. इस घटना से रेलवे अधिकारियों ने बड़ा सबक लिया है. सूत्रों का दावा है कि धनबाद से कोयंबटूर के बीच शनिवार यानी आज अमृत भारत ट्रेन चलनी है.
रेलवे सूत्रों के अनुसार बगैर किसी कार्यक्रम के ट्रेन को रवाना किया जाएगा. धनबाद के जनप्रतिनिधियों में आपसी तालमेल नहीं होने की वजह से रेलवे अब सजग हो गया है. अब और कोई विवाद मोल लेना नहीं चाहता है. अब तक की परंपरा रही है कि पहले दिन ट्रेन के उद्घाटन कार्यक्रम में जनप्रतिनिधियों को निमंत्रित किया जाता था. इलाके के सांसद के हाथों हरी झंडी दिखाई जाती थी. लेकिन इस बार ऐसा कुछ नहीं होगा. शाम 4:10 पर ट्रेन धनबाद से रवाना होगी. हालांकि एक सूत्र का यह भी कहना है कि सांसद ढुल्लू महतो धनबाद से बाहर हैं. हो सकता है कि वह उद्घाटन के समय ऑनलाइन जुड़ें लेकिन इसकी पुष्टि नहीं हो रही है. माना यही जा रहा है कि इसी साल अप्रैल महीने में धनबाद लोकमान्य तिलक मुंबई ट्रेन उद्घाटन समारोह के दौरान हुए विवाद से सबक लेते हुए रेल प्रशासन इस बार सजग है. दरअसल, धनबाद में जनप्रतिनिधियों के बीच तनातनी का माहौल है.