धनबाद में कुख्यात अपराधी शंकर डे और पुलिस में मुठभेड़,मनियाडीह में देर रात फायरिंग कर भाग रहे क्रिमिनल्स को लगी गोली

धनबाद के मनियाडीह में हथियार बरामदगी के दौरान पुलिस और कुख्यात अपराधी के बीच मुठभेड़ हो गई. फायरिंग कर भागने की कोशिश में पुलिस ने अपराधी को घायल कर गिरफ्तार कर लिया

धनबाद में कुख्यात अपराधी शंकर डे और पुलिस में मुठभेड़,मनियाडीह में देर रात फायरिंग कर भाग रहे क्रिमिनल्स को लगी गोली

धनबाद।धनबाद के मनिया डीह में मंगलवार की देर रात को पुलिस और कुख्यात अपराधी के बीच आमना-सामना हो गया. पुलिस कुख्यात को हथियार बरामद कराने के लिए लेकर मनियाडीह गई थी.इस दौरान कुख्यात अपराधी फायरिंग कर भागने की कोशिश की तो पुलिस टीम ने उसे घायल करने के बाद  गिरफ्तार कर लिया.  

यह घटना टुंडी प्रखंड के मनियाडीह में रात लगभग 11:00 बजे हुई बताई गई है. सूत्रों के अनुसार एक एएसआई की पिस्टल छीनकर भागने की कोशिश कर रहे शंकर डे पर पुलिस ने जवाबी कार्रवाई की. जिसमें उसके पैर में गोली लगी. उसे धनबाद के SNMMCH में भर्ती कराया गया है. जहां उसका इलाज चल रहा है. 

जानकारी के अनुसार पुलिस ने उसे मैथन क्षेत्र से पकड़ा था. उसने बताया था कि हथियार मनियाडीह में छुपा कर रखा गया है. हथियार बरामदगी के लिए  पुलिस उसे मनियाडीह लेकर गई थी. बताया जाता है कि वहां पुलिस अधिकारी का हथियार छीनकर वह फायरिंग कर भागने की कोशिश करने लगा.  जवाबी कार्रवाई में पुलिस की गोली उसके पैर में लगी. वह मूल रूप से पश्चिम बंगाल के दुर्गापुर का रहने वाला है.धनबाद में हाल के दिनों में हुई हत्या और लूट की कई  घटनाओं में वह शामिल रहा है .

प्रारंभिक पूछताछ में उसने पुलिस के सामने कई खुलासे किए हैं. शंकर डे गोंदू डीह और बरवा अड्डा क्षेत्र में हुई घटनाओं में अपनी संलिप्तता स्वीकार की है. सूत्रों के अनुसार खरिकाबाद के जिस राम प्रताप प्रसाद की हत्या में वह पकड़ा गया है, उसके साथ उसने मिलकर  झरिया के बस्ता कोला निवासी उमेश यादव की गोली मारकर हत्या कर दी थी. उमेश यादव कलेक्शन के बाद लौट रहे थे. दोनों ने उनसे कलेक्शन के रुपए भी छीन लिए थे. 

शंकर डे ने 9 नवंबर 25 को बरवा अड्डा स्थित बाजार समिति परिसर में थोक कारोबारी श्याम भीमसरिया पर जानलेवा हमले और लूट की बात भी कबूली है .उसने बताया है कि बाइक सवार तीन अपराधियों ने कारोबारी को घेर कर तीन राउंड फायरिंग की थी. जब उन्होंने रुपए से भरा बैग देने का विरोध किया तो उन्हें लहूलुहान कर दिया गया था. घटना के विरोध में स्थानीय कारोबारियों ने अपराधियों की गिरफ्तारी को मांग कर लेकर बाजार समिति को बंद रखा था. 

पुलिस सूत्रों के अनुसार शंकर डे कई मामलों में अपनी संलिप्तता स्वीकार की है. वह खूंखार अपराधी भी रहा है. धनबाद के कई हत्या और लूट के मामलों में शामिल रहने की बात सामने आई है .अब पुलिस उसके साथियों की तलाश में छापेमारी कर रही है.

 पुलिस को उसने अपने कई साथियों के नाम बताए हैं. कुख्यात अपराधी शंकर डे के साथियों की गिरफ्तारी के लिए एक स्पेशल टीम बनाई गई है.पुलिस लगातार छापेमारी कर रही है.