चतरा (CHATRA): चतरा पुलिस ने कोयलांचल क्षेत्र में रंगदारी और दहशत फैलाने की एक बड़ी साजिश को समय रहते नाकाम कर दिया है. टंडवा और पिपरवार थाना पुलिस की संयुक्त कार्रवाई में कुख्यात अपराधी राहुल दुबे गिरोह के तीन सक्रिय सदस्यों को हथियार और कारतूस के साथ गिरफ्तार किया गया है. पुलिस का दावा है कि आरोपी कोयला साइडिंग में फायरिंग और आगजनी कर लेवी वसूलने की योजना बना रहे थे.
एसडीपीओ टंडवा के नेतृत्व में गठित विशेष टीम को गुप्त सूचना मिली थी कि कुछ अपराधी बड़ी आपराधिक वारदात को अंजाम देने की तैयारी में हैं. सूचना मिलते ही पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए तीनों आरोपियों को दबोच लिया.गिरफ्तार आरोपियों की पहचान संजय मूर्ति और आलोक कुमार सिंह (दोनों निवासी बोकारो) तथा अजय करमाली (निवासी हजारीबाग) के रूप में हुई है. तलाशी के दौरान पुलिस ने इनके कब्जे से एक देसी पिस्टल, एक देसी कट्टा, छह जिंदा कारतूस, तीन मोबाइल फोन और एक मोटरसाइकिल बरामद की है.
प्रारंभिक पूछताछ में आरोपियों ने कई अहम खुलासे किए हैं. पुलिस के मुताबिक, वे गैंगस्टर राहुल दुबे के निर्देश पर चतरा के आम्रपाली और अशोका माइंस समेत रामगढ़, हजारीबाग और रांची के कई कोयला क्षेत्रों की रेकी कर रहे थे. उनका उद्देश्य फायरिंग और आगजनी जैसी घटनाओं को अंजाम देकर कारोबारियों और कंपनियों पर दबाव बनाना तथा रंगदारी वसूलना था.
पुलिस ने तीनों आरोपियों के खिलाफ पिपरवार थाना में मामला दर्ज कर उन्हें न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया है. साथ ही गिरोह के अन्य सदस्यों की तलाश और पूरे नेटवर्क की जांच भी तेज कर दी गई है. पुलिस अधिकारियों का कहना है कि अपराध और लेवी वसूली के खिलाफ अभियान लगातार जारी रहेगा और ऐसे तत्वों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी.

