बोकारो: 12 बीघा जमीन के लिए कोकू गोप की हत्या, गुमशुदगी दर्ज कराने वाला ही निकला आरोपी

बोकारो में कोकू गोप हत्याकांड का पुलिस ने खुलासा किया है. पुलिस के मुताबिक, 12 बीघा जमीन के विवाद में हत्या की गई. मामले में मृतक के चचेरे साले समेत दो आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है.

बोकारो: 12 बीघा जमीन के लिए कोकू गोप की हत्या, गुमशुदगी दर्ज कराने वाला ही निकला आरोपी

बोकारो(BOKARO): पिंड्राजोरा थाना क्षेत्र के काशीझरिया निवासी कोकू गोप हत्याकांड का पुलिस ने खुलासा कर दिया है. पुलिस के मुताबिक, 12 बीघा जमीन को लेकर चल रहे विवाद में कोकू गोप की हत्या की गई थी. मामले में पुलिस ने मृतक के चचेरे साले भगीरथ गोप और उसके साथी भूदेव गोप को गिरफ्तार किया है. पुलिस के अनुसार, भूदेव गोप ने ही कोकू गोप की गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराई थी. एसएसपी वेदांत शंकर ने बताया कि कोकू गोप 12 सितंबर से लापता थे, जबकि 14 सितंबर को बरमसिया ओपी में उनकी गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराई गई थी.

पुलिस के अनुसार, मामले की वैज्ञानिक तरीके से जांच करने पर कोकू गोप की अंतिम लोकेशन भूदेव गोप के साथ होने की जानकारी मिली. इसके बाद पुलिस ने उससे पूछताछ की. पुलिस का दावा है कि पूछताछ में सामने आया कि भगीरथ गोप और भूदेव गोप ने कोकू गोप के गमछे से गला घोंटकर उनकी हत्या की और शव को नदी किनारे झाड़ियों में फेंक दिया. जांच में डॉग स्क्वायड के साथ तकनीकी और मानवीय साक्ष्यों की भी मदद ली गई. इन्हीं सुरागों के आधार पर पुलिस दोनों आरोपियों तक पहुंची.

एसएसपी के मुताबिक, हत्या के पीछे 12 बीघा जमीन का विवाद था. कोकू गोप की शादी जिस परिवार में हुई थी, वहां केवल बेटियां थीं. पुलिस का कहना है कि कोकू अपने ससुर की जमीन पर हक जता रहे थे, जिसका भगीरथ विरोध करता था और इसे लेकर दोनों के बीच विवाद भी हुआ था. 12 सितंबर को कोकू बरमसिया ओपी क्षेत्र के उरांवडीह स्थित अपने ससुराल गए थे, जिसके बाद लापता हो गए. 17 सितंबर को दामूडीह पंचायत के शिमलकुड़ी गांव में खालिसा नदी किनारे झाड़ियों से उनका शव बरामद किया गया था. इसके बाद पुलिस ने जांच तेज करते हुए दोनों आरोपियों को गिरफ्तार किया.