टीएनपी डेस्क(TNP DESK): खाने की गुणवत्ता और साफ-सफाई को लेकर महाराष्ट्र खाद्य एवं औषधि प्रशासन यानी FDA ने रेलवे स्टेशनों पर बड़ी कार्रवाई की है. FDA और वेस्टर्न रेलवे के कमर्शियल डिपार्टमेंट ने संयुक्त रूप से कई स्टेशनों पर फूड स्टॉल की जांच की. इस दौरान स्वच्छता और खाद्य गुणवत्ता से जुड़ी गंभीर खामियां मिलने के बाद 22 फूड स्टॉल को तत्काल बंद कर दिया गया.
बांद्रा स्टेशन पर सबसे ज्यादा कार्रवाई
इस अभियान के दौरान सबसे ज्यादा कार्रवाई बांद्रा रेलवे स्टेशन पर हुई. यहां 11 फूड स्टॉल को बंद किया गया. इसके अलावा ग्रांट रोड, लोअर परेल, चरनी रोड और मरीन लाइंस रेलवे स्टेशनों पर भी कई स्टॉल के खिलाफ कार्रवाई की गई.
जांच के दौरान अधिकारियों को कुछ स्टॉल पर खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता मानकों के अनुरूप नहीं मिली. छोले और समोसे जैसे लोकप्रिय खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता पर भी सवाल उठे. कई जगह स्टॉल के आसपास गंदगी और साफ-सफाई की कमी पाई गई.
कर्मचारियों के मेडिकल सर्टिफिकेट भी नहीं मिले
खाद्य स्टॉल की जांच के दौरान केवल खाने की गुणवत्ता ही नहीं, बल्कि कर्मचारियों से जुड़े जरूरी दस्तावेज भी देखे गए. कई स्टॉल पर काम करने वाले कर्मचारियों के मेडिकल सर्टिफिकेट उपलब्ध नहीं थे.
खाद्य कारोबार में काम करने वाले कर्मचारियों की स्वच्छता और स्वास्थ्य से जुड़े नियमों का पालन जरूरी है. ऐसे में दस्तावेज नहीं मिलने को भी गंभीर कमी माना गया.
सात महीने में 1,523 जांच
वेस्टर्न रेलवे के अनुसार, जनवरी से जुलाई 2026 के बीच रेलवे स्टेशनों पर कुल 1,523 रूटीन और सरप्राइज जांच की गईं. इन जांचों का मकसद यात्रियों को सुरक्षित और गुणवत्तापूर्ण भोजन उपलब्ध कराना था.
जांच के दौरान नियमों का उल्लंघन करने वाले 22 फूड स्टॉल के खिलाफ कार्रवाई की गई. इन पर कुल 1 लाख 14 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया गया.

होटल और रेस्टोरेंट पर भी कार्रवाई
FDA की कार्रवाई केवल रेलवे स्टेशनों तक सीमित नहीं रही. मुंबई के अलग-अलग इलाकों में होटल, क्लब और दूसरे खाद्य प्रतिष्ठानों की भी जांच की गई.
बांद्रा, दहिसर, खार, विले पार्ले, मरोळ और चेंबूर जैसे इलाकों में छह प्रतिष्ठानों के लाइसेंस निलंबित किए गए. जांच के दौरान कुछ जगह मिलावटी पनीर, एक्सपायर्ड खाद्य सामग्री, कीड़ों का संक्रमण और खराब साफ-सफाई जैसी कमियां मिलीं.
खाद्य सुरक्षा को लेकर सख्ती
FDA और रेलवे की इस संयुक्त कार्रवाई से साफ है कि सार्वजनिक जगहों पर खाद्य पदार्थ बेचने वाले कारोबारियों की निगरानी बढ़ाई जा रही है. रेलवे स्टेशन पर रोजाना बड़ी संख्या में यात्री खाना खरीदते हैं. ऐसे में खाने की गुणवत्ता और स्वच्छता बनाए रखना बेहद जरूरी है.
लगातार हो रही जांच और कार्रवाई का उद्देश्य खाद्य सुरक्षा के नियमों का पालन सुनिश्चित करना है. अधिकारियों का कहना है कि नियमों की अनदेखी करने वाले प्रतिष्ठानों के खिलाफ आगे भी कार्रवाई जारी रह सकती है.
