PM मोदी की डिग्री पर अभिजीत दीपके ने उठाया सवाल! सोशल मीडिया पोस्ट से छिड़ी नई बहस, जानिए क्या है विवाद
अभिजीत दीपके ने PM मोदी को डिग्री सार्वजनिक करने की चुनौती देते हुए कहा कि इससे डिग्री विवाद खत्म हो सकता है.
अभिजीत दीपके ने PM मोदी को डिग्री सार्वजनिक करने की चुनौती देते हुए कहा कि इससे डिग्री विवाद खत्म हो सकता है.
टीएनपी डेस्क (TNP DESK): अभिजीत दीपके की शैक्षणिक योग्यता को लेकर उठे सवालों के बीच उन्होंने अब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की डिग्री का मुद्दा भी सामने ला दिया है. सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर एक पोस्ट के जरिए दीपके ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को अपनी-अपनी डिग्री सार्वजनिक करने की चुनौती दी है. उनका कहना है कि अगर दोनों की डिग्री सामने आ जाए तो इस तरह के विवाद को खत्म किया जा सकता है.
दीपके ने अपने पोस्ट में उन लोगों पर भी निशाना साधा जो लगातार उनकी शैक्षणिक योग्यता से जुड़े दस्तावेज देखने की मांग कर रहे हैं. उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि जो लोग उनकी डिग्री देखने का इंतजार करते-करते परेशान हो रहे हैं, उन्हें इस बात पर भी विचार करना चाहिए कि उन्होंने इतने वर्षों तक प्रधानमंत्री की डिग्री देखे बिना कैसे काम चलाया.
सोशल मीडिया पोस्ट के जरिए पीएम मोदी को चुनौती
अभिजीत दीपके का यह बयान ऐसे समय आया है जब उनकी अमेरिका स्थित Boston University में पढ़ाई को लेकर सोशल मीडिया पर चर्चा चल रही है. इसी विवाद के बीच उन्होंने प्रधानमंत्री मोदी की शैक्षणिक योग्यता का मुद्दा उठाते हुए अपनी डिग्री की तुलना पीएम मोदी की डिग्री से करने की बात कही है.
यह पहली बार नहीं है जब दीपके ने इस तरह की मांग रखी है. इससे पहले भी उनकी शैक्षणिक पृष्ठभूमि पर सवाल उठने के बाद उन्होंने प्रधानमंत्री को इसी तरह की चुनौती दी थी. अब एक बार फिर उनके ताजा पोस्ट के बाद डिग्री विवाद सोशल मीडिया पर चर्चा का विषय बन गया है.
Why there is a question mark on Modi’s degree?
— Abhijeet Dipke (@abhijeet_dipke) April 1, 2023
1) In 1976, Modi’s marks are computer generated meanwhile the marks of other student are HAND WRITTEN.
2) Modi’s marksheets show University of Delhi written in a Gothic font. DU started using Gothic font after 1983 pic.twitter.com/glIxYQFOb6
Boston University की पढ़ाई को लेकर क्या है विवाद
दीपके की शैक्षणिक योग्यता को लेकर विवाद उस समय तेज हुआ जब एक पॉडकास्ट का वीडियो क्लिप सोशल मीडिया पर वायरल हुआ. इस क्लिप में उनकी Boston University से पढ़ाई से संबंधित दावे पर सवाल उठाए गए थे. वायरल चर्चा में यह दावा किया गया कि विश्वविद्यालय के रिकॉर्ड में उनके ग्रेजुएशन से जुड़ी जानकारी नहीं मिली.
हालांकि, किसी रिकॉर्ड के सार्वजनिक रूप से उपलब्ध नहीं होने मात्र से यह साबित नहीं होता कि संबंधित व्यक्ति ने वहां पढ़ाई नहीं की थी. इस पूरे मामले में दीपके की ओर से पहले यह कहा जा चुका है कि उन्होंने Boston University में स्कॉलरशिप के जरिए पढ़ाई की थी.
उनकी अमेरिका में पढ़ाई को लेकर पहले भी सवाल उठ चुके हैं. महाराष्ट्र के RTI एक्टिविस्ट अमित तिवारी ने उनके परिवार की आर्थिक स्थिति का हवाला देते हुए विदेश में पढ़ाई के खर्च को लेकर सवाल उठाए थे. इसके जवाब में दीपके ने अपनी पढ़ाई के लिए स्कॉलरशिप मिलने की बात कही थी.

पीएम मोदी की डिग्री को लेकर भी विवाद रहा है
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की शैक्षणिक योग्यता और उनकी डिग्री को लेकर भी राजनीतिक स्तर पर लंबे समय से बहस होती रही है. विपक्षी दलों के नेता समय-समय पर प्रधानमंत्री की डिग्री से जुड़े दस्तावेज सार्वजनिक करने की मांग उठाते रहे हैं. दूसरी ओर, भारतीय जनता पार्टी की ओर से कई बार कहा गया है कि प्रधानमंत्री की शैक्षणिक योग्यता को लेकर स्थिति पहले ही स्पष्ट की जा चुकी है.
इस मुद्दे से जुड़ा एक अलग कानूनी विवाद भी सामने आया है. दिल्ली विश्वविद्यालय के 1978 के रिकॉर्ड से जुड़ी जानकारी को RTI के तहत सार्वजनिक करने के मामले में दिल्ली हाई कोर्ट की एकल पीठ ने 2025 में केंद्रीय सूचना आयोग के आदेश को रद्द कर दिया था. इस फैसले के खिलाफ दायर अपीलों पर कानूनी प्रक्रिया जारी है.

अब दोनों डिग्रियों को लेकर चर्चा तेज
अभिजीत दीपके की ओर से पीएम मोदी को दी गई नई चुनौती के बाद एक बार फिर दोनों नेताओं की शैक्षणिक योग्यता सोशल मीडिया चर्चा के केंद्र में आ गई है. दीपके का कहना है कि डिग्री से जुड़े सवालों का समाधान दस्तावेज सामने रखकर किया जा सकता है. हालांकि, उनकी अपनी शैक्षणिक योग्यता से जुड़े आरोपों और दावों की स्वतंत्र पुष्टि का सवाल अभी अलग बना हुआ है.
फिलहाल दीपके के ताजा बयान ने डिग्री विवाद को नया राजनीतिक और सोशल मीडिया एंगल दे दिया है. अब इस मुद्दे पर आगे क्या प्रतिक्रिया सामने आती है, इस पर लोगों की नजर बनी हुई है.