वैशाली में निर्माण के दौरान गिरा पुल का लॉन्चर, 6 कर्मचारी घायल, दो की हालत गंभीर
बिहार के वैशाली जिले के लालगंज थाना क्षेत्र में NH-139W फोरलेन सड़क निर्माण के दौरान भारी लॉन्चर गिरने से छह कर्मचारी घायल हो गए।.दो घायलों की हालत गंभीर बताई गई है.हादसे के बाद स्थानीय लोगों ने सुरक्षा व्यवस्था को लेकर नाराजगी जताई.
वैशाली (VAISHALI): बिहार के वैशाली जिले में राष्ट्रीय राजमार्ग के निर्माण के दौरान बड़ा हादसा सामने आया है. लालगंज थाना क्षेत्र में भारतमाला परियोजना के तहत निर्माणाधीन NH-139W फोरलेन सड़क पर काम के दौरान एक भारी लॉन्चर अचानक नीचे गिर गया. इसकी चपेट में आने से साइट पर मौजूद कई कर्मचारी घायल हो गए. हादसे के बाद निर्माण स्थल पर अफरा-तफरी मच गई. मौके पर मौजूद कर्मचारियों और स्थानीय लोगों ने घायलों को बाहर निकालने में मदद की. इसके बाद उन्हें इलाज के लिए लालगंज रेफरल अस्पताल पहुंचाया गया.
छह घायलों का अस्पताल में इलाज, दो रेफर
प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, लालगंज रेफरल अस्पताल में छह घायल कर्मचारियों का उपचार किया गया. इनमें दो कर्मचारियों की स्थिति गंभीर बताई गई, जिसके बाद डॉक्टरों ने बेहतर इलाज के लिए उन्हें सदर अस्पताल रेफर कर दिया. घटना की जानकारी फैलते ही अस्पताल और घटनास्थल के आसपास लोगों की भीड़ जमा हो गई. घायलों के परिजन और स्थानीय लोग भी अस्पताल पहुंचे
सुरक्षा व्यवस्था को लेकर ग्रामीणों में नाराजगी
हादसे के बाद स्थानीय ग्रामीणों ने निर्माण कार्य में अपनाए जा रहे सुरक्षा इंतजामों पर सवाल उठाए. ग्रामीणों का आरोप है कि इतनी बड़ी सड़क परियोजना में काम करने वाले कर्मचारियों की सुरक्षा के लिए पर्याप्त मानकों का पालन नहीं किया जा रहा था.स्थानीय लोगों ने यह आरोप भी लगाया कि दुर्घटना के बाद परियोजना से जुड़े कुछ अधिकारी और ठेकेदार मौके पर दिखाई नहीं दिए. इन आरोपों की स्वतंत्र रूप से पुष्टि होना बाकी है.
पुलिस-प्रशासन ने संभाली स्थिति
हादसे और ग्रामीणों के विरोध की सूचना मिलने पर स्थानीय थाना पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी पुलिस बल के साथ घटनास्थल पर पहुंचे.अधिकारियों ने लोगों को समझाकर स्थिति नियंत्रित की और दुर्घटनास्थल का निरीक्षण किया. अब हादसे के वास्तविक कारणों का पता लगाने की कोशिश की जा रही है. जांच में यह स्पष्ट होगा कि लॉन्चर गिरने के पीछे किसी तकनीकी खराबी, उपकरण संबंधी समस्या या सुरक्षा में लापरवाही की भूमिका थी या नहीं. घटना ने निर्माण स्थलों पर श्रमिकों की सुरक्षा और बड़ी इन्फ्रास्ट्रक्चर परियोजनाओं में सुरक्षा मानकों के पालन को लेकर एक बार फिर सवाल खड़े कर दिए हैं.