जापान में शर्मसार हुआ बिहार, राष्ट्रपति से सम्मानित पैरा खिलाड़ी को भेजा गया वापस, लगा ये गंभीर आरोप

एशियन गेम्स में शामिल होने जापान गए बिहार के मधुबनी निवासी शम्स आलम को वापस भारत भेज दिया गया है. आरोप है कि होटल में उन्होंने महिला कर्मचारी को गलत तरीके से छुआ और गंदे इशारे किए

जापान में शर्मसार हुआ बिहार, राष्ट्रपति से सम्मानित पैरा खिलाड़ी को भेजा गया वापस, लगा ये गंभीर आरोप

पटना: बिहार के लिए वह वक्त काफी गर्वान्वित करने वाला था जब यह खबर आई थी कि मधुबनी के शम्स आलम का चयन जापान में आयोजित होने वाले एशियन पैरा गेम्स के लिए किया गया है. लेकिन अब इसी खिलाड़ी ने बिहार को शर्मसार कर दिया. खिलाड़ी को जापान से वापस भारत भेज दिया गया है. खिलाड़ी शम्स आलम पर जापान के होटल में महिला कर्मियों के साथ छेड़खानी और यौन उत्पीड़न का आरोप लगा है. मामला सामने आने के बाद जापान की पुलिस ने उन्हें हिरासत में भी लिया और फिर अब वापस भारत भेज दिया गया है. अब भारतीय पैरालंपिक समिति उनके ऊपर आजीवन प्रतिबंध लगाने को लेकर विचार कर रहा है.

पीसीआई ने केंद्र सरकार को आजीवन प्रतिबंध लगाने का भेजा प्रस्ताव

मामले को लेकर भारतीय पैरालंपिक समिति (पीसीआई) के एक वरिष्ठ अधिकारी ने मामले की पुष्टि करते हुए कहा कि कथित व्यवहार को निंदनीय और अस्वीकार्य बताया. उन्होंने कहा कि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर देश का प्रतिनिधित्व करने वाले खिलाड़ी से इस तरह के आचरण को किसी परिस्थिति में सही नहीं ठहराया जा सकता है. इस घटना से पूरे भारतीय दल को शर्मिंदगी का सामना करना पड़ा है. पीसीआई के अधिकारी के अनुसार जापान की पुलिस खिलाड़ी को हिरासत में लेकर अदालत में पेश कर कानूनी प्रक्रिया करना चाहती थी लेकिन स्थानीय आयोजन समिति की हस्तक्षेप के बाद लिखित माफी मांगने पर उन्हें वापस भारत भेज दिया गया. उन्होंने बताया कि भारतीय दल के वरिष्ठ अधिकारियों को खेल प्रतियोगिता से जुड़े काम छोड़ कर कई घंटों तक पुलिस और होटल के अधिकारियों के चक्कर में समय बिताने पड़े. मामले को लेकर पीसीआई ने केंद्र सरकार को जानकारी दी है और आजीवन प्रतिबंध लगाने की सिफारिश की है. हालांकि अभी इस पर अंतिम निर्णय नहीं लिया गया है.

होटल में महिला कर्मी के साथ बदसुलूकी का आरोप

एक जानकारी के अनुसार जापान में भारतीय पैरा तैराकी टीम जिस होटल में ठहरी हुई थी वहां एक महिला कर्मचारी को उन्होंने गलत तरीके से छुआ. उनके ऊपर इसके बाद गलत इशारे करने का भी आरोप लगा है. बताया जा रहा है कि मामले के बाद महिला कर्मी ने अपने वरिष्ठ अधिकारियों को जानकारी दी फिर स्थानीय आयोजन  समिति ने भारतीय दल के प्रमुख के कार्यालय को घटना की जानकारी दी. इसके बाद स्थानीय पुलिस के द्वारा खिलाड़ी को हिरासत में लिए जाने की भी जानकारी मिल रही है.

राष्ट्रपति से भी सम्मानित हो चुके हैं शम्स आलम

बता दें कि शम्स आलम बिहार के मधुबनी के रहने वाले हैं. वह एशियन पैरा गेम्स में लगातार 3 बार भाग लेने वाले देश के पहले खिलाड़ी थे. वह पहले कई प्रतियोगिता जीत चुके हैं और इसके लिए वर्ष 2021 में राष्ट्रपति के हाथों भी सम्मानित हो चुके हैं. वह 2018 में जकार्ता और 2022 में हांगझोउ एशियन पैरा गेम्स में हिस्सा ले चुके हैं. बचपन से ही शम्स को खेलों का शौक था. उन्होंने अपने खेल करियर की शुरुआत कराटे से की और ब्लैक बेल्ट भी हासिल किया. इसके बाद उन्होंने मैकेनिकल इंजीनियरिंग की पढ़ाई की और फिर एमबीए किया. वर्ष 2010 में शम्स की रीढ़ की हड्डी के निचले हिस्से में ट्यूमर विकसित हो गया. डॉक्टरों ने ऑपरेशन की सलाह दी, सर्जरी सफल रही, लेकिन मेडिकल कॉम्प्लिकेशन की वजह से उनके शरीर का निचला हिस्सा पूरी तरह पैरालाइज हो गया. इसके बाद वे हमेशा के लिए व्हीलचेयर पर आ गए. इसके बाद शम्स ने 2012-13 से पेशेवर तैराकी की शुरुआत की.