चुनाव आयोग के खिलाफ बिहार में महागठबंधन करेगा आंदोलन, 8 अक्टूबर को होगा लोक भवन मार्च
बिहार में चुनावी प्रक्रिया को लेकर महागठबंधन ने मोर्चा खोलते हुए तीन दिवसीय आंदोलन का ऐलान किया है. पटना में आयोजित महागठबंधन की प्रेस कॉन्फ्रेंस में कांग्रेस नेता कपिल देव प्रसाद और मुकेश सहनी समेत विपक्षी दलों के नेता शामिल हुए.
पटना (PATNA) : बिहार में चुनावी प्रक्रिया को लेकर महागठबंधन ने मोर्चा खोलते हुए तीन दिवसीय आंदोलन का ऐलान किया है. पटना में आयोजित महागठबंधन की प्रेस कॉन्फ्रेंस में कांग्रेस नेता कपिल देव प्रसाद और मुकेश सहनी समेत विपक्षी दलों के नेता शामिल हुए.
महागठबंधन ने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ विरोध प्रदर्शन करने की घोषणा की है. तेजस्वी यादव ने कहा कि 6 अक्टूबर को सभी सांसद ज्ञानेश कुमार के खिलाफ प्रदर्शन करेंगे. उन्होंने चुनाव आयोग की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाते हुए आरोप लगाया कि बिहार और बंगाल में चुनाव फर्जी तरीके से कराए गए. तेजस्वी यादव ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और गृह मंत्री अमित शाह जिस व्यक्ति को चाहेंगे, वही मुख्य चुनाव आयुक्त के पद पर बैठेगा. उन्होंने आरोप लगाया कि चुनाव आयोग बीजेपी के लिए काम कर रहा है. हालांकि ये विपक्ष के आरोप हैं, जिनकी स्वतंत्र पुष्टि इस जानकारी के आधार पर नहीं हुई है.
महागठबंधन ने 7 अक्टूबर को राज्य के सभी प्रखंडों में मार्च निकालने का ऐलान किया है. इस मार्च में मुख्य चुनाव आयुक्त, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के खिलाफ विरोध दर्ज कराया जाएगा. वहीं, 8 अक्टूबर को धरना प्रदर्शन किया जाएगा. इसी दिन महागठबंधन की ओर से लोक भवन मार्च निकालने और राज्यपाल से मुलाकात करने की भी घोषणा की गई है. प्रेस कॉन्फ्रेंस में तेजस्वी यादव ने विपक्षी एकजुटता को लेकर कहा कि भले ही अलग-अलग दल कई चुनावों में एक-दूसरे के खिलाफ चुनाव लड़ते रहे हों, लेकिन लोकतंत्र को बचाना सभी की जिम्मेदारी है. उन्होंने कहा कि लोकतंत्र और चुनावी व्यवस्था से जुड़े मुद्दों को लेकर सभी दलों ने एकजुट होकर सड़क पर उतरने का फैसला किया है. महागठबंधन के इस ऐलान के बाद बिहार में चुनाव आयोग की कार्यप्रणाली और चुनावी प्रक्रिया को लेकर राजनीतिक टकराव और तेज होने के संकेत हैं.