बड़ी खबर: बिहार सरकार का बड़ा फैसला, शिक्षक भर्ती के लिए अब एक ही परीक्षा
शिक्षक भर्ती परीक्षा को लेकर राज्य सरकार ने बड़ा फैसला लिया है. छात्र संगठनों के साथ हुई वार्ता के बाद सरकार ने स्पष्ट किया है कि शिक्षक भर्ती के लिए अब दो अलग-अलग परीक्षाएं नहीं होंगी,
पटना: बिहार में शिक्षक भर्ती परीक्षा को लेकर राज्य सरकार ने बड़ा फैसला लिया है. छात्र संगठनों के साथ हुई वार्ता के बाद सरकार ने स्पष्ट किया है कि शिक्षक भर्ती के लिए अब दो अलग-अलग परीक्षाएं नहीं होंगी, बल्कि एक ही परीक्षा आयोजित की जाएगी. मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने सोशल मीडिया पोस्ट के जरिए इस फैसले की जानकारी दी है.
सरकार के इस फैसले से शिक्षक अभ्यर्थियों को बड़ी राहत मिलने की उम्मीद है. लंबे समय से छात्र संगठन शिक्षक भर्ती परीक्षा की प्रक्रिया को सरल और पारदर्शी बनाने की मांग कर रहे थे. वार्ता के बाद सरकार ने परीक्षा सुधार से जुड़े कई महत्वपूर्ण मुद्दों पर निर्णय लिया है.
मुख्यमंत्री की ओर से दी गई जानकारी के अनुसार, बीपीएससी की 70वीं संयुक्त प्रतियोगिता परीक्षा से संबंधित पारदर्शिता के मुद्दे की जांच के लिए गठित समिति मामले की समीक्षा करेगी. इसके साथ ही बिहार कर्मचारी चयन आयोग (BSSC) की ओर से आयोजित होने वाली परीक्षाओं को भी निर्धारित समय पर कराने पर जोर दिया गया है.
इसके अलावा 1,799 दरोगा पदों पर भर्ती परीक्षा और सहायक अध्यापक भर्ती से पहले बिहार शिक्षक पात्रता परीक्षा (BTET) से जुड़े मुद्दों पर भी चर्चा हुई. सरकार ने परीक्षा व्यवस्था में सुधार और छात्रों की शिकायतों के समाधान को लेकर महत्वपूर्ण कदम उठाने की बात कही है.
सरकार के अनुसार, परीक्षा सुधार के संबंध में पटना हाईकोर्ट के न्यायाधीश की अध्यक्षता में गठित कमेटी छात्रों की शिकायतों और परीक्षा प्रक्रिया से जुड़े मामलों की समीक्षा करेगी. कमेटी छात्रों की समस्याओं को सुनने के बाद नियमों के अनुसार आवश्यक कार्रवाई के लिए सरकार को सुझाव देगी.
छात्र संगठनों के साथ हुई वार्ता के बाद सरकार का यह फैसला बिहार में प्रतियोगी परीक्षाओं की व्यवस्था में सुधार की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है. अब अभ्यर्थियों की नजर आगे होने वाली परीक्षाओं की तारीख और नई व्यवस्था के आधिकारिक विवरण पर है.