पटना (PATNA) :बिहार की राजनीति में भाजपा मंत्रियों की कथित सीक्रेट मीटिंग को लेकर सियासी बयानबाजी तेज हो गई है. राष्ट्रीय जनता दल के वरिष्ठ विधायक और विधानसभा की प्राक्कलन समिति के सभापति भाई वीरेंद्र ने इस बैठक पर सवाल उठाए हैं. उन्होंने कहा कि बैठक में जदयू के मंत्रियों को नहीं बुलाया जाना कई तरह के सवाल खड़े करता है.
कुछ न कुछ गुल खिलाने की संभावना
भाई वीरेंद्र ने कहा, “हमने भी देखा है कि मीटिंग चल रही है. समझ जाइए, कुछ न कुछ गुल खिलाने की संभावना है. आखिर जदयू के मंत्रियों को क्यों नहीं बुलाया गया?” उन्होंने दावा किया कि संभव है कि भाजपा के मंत्री अपने किसी एजेंडे को लेकर बैठक कर रहे हों. उन्होंने कहा कि भाजपा के मंत्री बैठक में मौजूद हैं, लेकिन जदयू के मंत्री नहीं हैं, इसलिए स्थिति सामान्य नहीं लगती.
राजद विधायक ने सरकार पर निशाना साधा
बिहार में हाल की आपराधिक घटनाओं को लेकर भी राजद विधायक ने सरकार पर निशाना साधा. हाजीपुर में ठेकेदार रामनरेश राय की हत्या तथा पटना और बेगूसराय में गोलीबारी की घटनाओं का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा कि बिहार में कानून-व्यवस्था की स्थिति खराब हो चुकी है. उन्होंने मुख्यमंत्री से पुलिसकर्मियों की भूमिका की जांच कराने और दोषी पाए जाने वालों पर कार्रवाई की मांग की.
राजद के विधायक और सांसद मार्च में शामिल होंगे
वहीं, तेजस्वी यादव के 19 अगस्त को एके-47 मामले को लेकर प्रस्तावित राजभवन मार्च पर भाई वीरेंद्र ने कहा कि राजद के विधायक और सांसद मार्च में शामिल होंगे. उन्होंने कहा कि राज्यपाल को ज्ञापन सौंपकर पूरे मामले में जिम्मेदारी तय करने और कार्रवाई की मांग की जाएगी. धरना-प्रदर्शन और जुलूस के दौरान पुलिसकर्मियों के एके-47, इंसास और अन्य असॉल्ट हथियार लेकर जाने पर प्रतिबंध से जुड़े पुलिस मुख्यालय के फैसले पर उन्होंने कहा कि देर से ही सही, लेकिन इस तरह का फैसला लिया गया है.

