जामताड़ा (JAMTARA): जामताड़ा जिला मुख्यालय के कोर्ट मोड़ पर स्थापित 'धरती आबा' भगवान बिरसा मुंडा की प्रतिमा को असामाजिक तत्वों द्वारा क्षतिग्रस्त किए जाने कि खबर सामने आई है. घटना का पता तब चला जब स्थानीय लोगों ने प्रतिमा का एक हाथ और तीर टूटा हुआ पाया. इस खबर के फैलते ही आदिवासी समाज और विभिन्न संगठनों के सैकड़ों लोग मौके पर जमा हो गए. लोगों ने इसे अपनी आस्था और अस्मिता पर प्रहार बताते हुए कड़ी नाराजगी जताई. प्रदर्शनकारियों का कहना है कि यह कृत्य न केवल एक महापुरुष का अपमान है, बल्कि सामाजिक सौहार्द को बिगाड़ने की एक सोची-समझी साजिश है.
मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए प्रशासन तुरंत हरकत में आया. अनुमंडल पदाधिकारी (SDO) और अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी (SDPO) भारी पुलिस बल के साथ घटनास्थल पर पहुंचे और उग्र भीड़ को शांत कराने का प्रयास किया. अधिकारियों ने प्रदर्शनकारियों को आश्वस्त किया है कि इस मामले की जांच प्राथमिकता के आधार पर की जा रही है. पुलिस आसपास के क्षेत्रों में लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाल रही है ताकि दोषियों की पहचान कर उन्हें जल्द से जल्द कानून के शिकंजे में लाया जा सके. प्रशासन ने लोगों से शांति बनाए रखने और किसी भी तरह की अफवाह पर ध्यान न देने की अपील की है.
वर्तमान में एहतियात के तौर पर कोर्ट मोड़ और आसपास के इलाकों में अतिरिक्त पुलिस बल तैनात कर दिया गया है. स्थिति अभी नियंत्रण में है, लेकिन स्थानीय नेताओं ने चेतावनी दी है कि यदि निर्धारित समय सीमा के भीतर आरोपियों की गिरफ्तारी नहीं हुई, तो वे उग्र आंदोलन के लिए बाध्य होंगे. प्रशासन ने स्पष्ट संदेश दिया है कि असामाजिक तत्वों के खिलाफ जीरो टॉलरेंस की नीति अपनाई जाएगी और भाईचारे को नुकसान पहुंचाने वाले किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा. फिलहाल पूरे जिले में पुलिस अलर्ट पर है और मामले की गहन तहकीकात जारी है.

