पढ़- लिख कर दारु बेच रहे हैं, वह भी बिना तनख्वाह के, जानिए क्यों  

    पढ़- लिख कर दारु बेच रहे हैं,  वह भी बिना तनख्वाह के, जानिए क्यों

    धनबाद(DHANBAD) | पढ़- लिख कर दारु बेच रहे हैं, वह भी बिना तनख्वाह के.  जी हां ,धनबाद के साढे चार सौ  सेल्समैनो  की यही स्थिति है.  3 महीनों से उन्हें सैलरी नहीं मिली है.  सैलरी मांगने पर तरह-तरह के झूठे आश्वासन दिए जाते है.  उन्हें क्या पता है था कि नियोजनालय से रिक्तियां निकलने के बाद इनकी भर्ती हुई है, लेकिन इस भर्ती में इतना लोचा है कि निकलने की राह ढूढ़ रहे है. आज ऐसे ही सेल्समैन सहायक उत्पाद आयुक्त ,उपायुक्त और एसएसपी को ज्ञापन दिया और तनख्वाह की मांग की.  

    गंभीर आरोप यह है कि जॉइनिंग  के पहले इनसे जमानत राशि ली गई है ,वह जमानत राशि भी  एक -दो  हजार नहीं है बल्कि 10,000 से लेकर 30000 के बीच की है.  लेकिन उसकी कोई रिसीविंग  भी नहीं दी गई है.  सेल्समैनो  ने आज स्पष्ट किया कि अगर इस माह की 28 तारीख को उनको भुगतान नहीं मिलता है तो वे दुकानें बंद कर सकते हैं, आंदोलन कर सकते है. आपको बता दें कि पहले प्राइवेट एजेंसी शराब बेचती  थी लेकिन अब सरकार ने इसे अपने हाथों में ले लिया है और सारी व्यवस्था सरकार के नियंत्रण में है.  ऐसे में भुगतान नहीं होने की बात लोगों को परेशान कर रही है.


    रिपोर्ट : शाम्भवी सिंह के साथ प्रकाश, धनबाद 



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