मंईयां सम्मान योजना: वेबसाइट को अपग्रेड करने में 72 घंटे का और लगेगा समय, फिर ऐसे शुरू होंगे पेंडिंग कार्य

    मंईयां सम्मान योजना: वेबसाइट को अपग्रेड करने में 72 घंटे का और लगेगा समय, फिर ऐसे शुरू होंगे पेंडिंग कार्य

    धनबाद(DHANBAD): सूत्रों के अनुसार मंईयां सम्मान योजना की वेबसाइट को अपग्रेड करने का काम अभी भी चल रहा है. 48 से 72 घंटे का और समय लग  सकता है.  इसके बाद सभी जिलों को अलग-अलग लॉग इन पासवर्ड मिल  जाएगा.  सूत्र बताते हैं कि साइट खुलते  ही नए लाभुकों  के नाम की एंट्री शुरू हो जाएगी.  उसके बाद लंबित आवेदनों का निपटारा भी शुरू हो सकता है.  नए लाभुकों  के नाम जिस महीने से जुड़ेंगे , उसे अगले महीने से ₹2500 मिलने लगेंगे.  बता दें कि अभी झारखंड के विभिन्न जिलों और प्रखंडों में रोज महिलाएं अपने पेंडिंग  आवेदनों के लिए पहुंच रही है.  वेबसाइट बंद होने की वजह से अधिकारी उन्हें कुछ भी नहीं बता पा रहे है.  यह अभी एक समस्या है कि कई लाभुकों का बैंक खाता आधार से नहीं जुड़ा है.  कुछ तो ऐसे हैं जिनके नाम गलत हैं, बैंक अकाउंट गलत है या आईएफएससी कोड गलत है.  इस वजह से राशि फंसी  हुई है. 

    मंईयां सम्मान योजना झारखंड सरकार की महत्वाकांक्षी योजना है
     
     मंईयां सम्मान योजना झारखंड सरकार की महत्वाकांक्षी योजना है.  इस योजना के प्रति महिलाओं में उत्साह भी अधिक है.  मंईयां   सम्मान योजना में फर्जीवाड़े  की परत भी प्याज के छिलके की भांति खुलने लगी है.  कहीं  दोहरा लाभ लेने का मामला सामने आ रहा है, तो कहीं पुरुष इस योजना का लाभ उठा रहे है. सूत्र यह भी बताते हैं की वेबसाइट खुलने   के बाद जब जांच आगे बढ़ेगी ,तो और भी खुलासे  हो सकते है. राज्य सरकार ने 5225 करोड रुपए झारखंड के 24 जिलों के बीच आवंटित किया था . सूत्रों के अनुसार 5225 करोड रुपए चालू वित्तीय वर्ष के चार माह की अवधि के लिए आवंटित हुई है. यह राशि जिलों में रजिस्टर्ड लाभुकों के खाते में भेजी गई  है.   

    सबसे अधिक राशि गिरिडीह जिले को आवंटित हुई थी

    जानकारी के अनुसार लाभुकों की संख्या को देखते हुए सबसे अधिक राशि गिरिडीह जिले को आवंटित हुई थी . रांची दूसरे स्थान पर थी . सबसे कम राशि सिमडेगा जिले को आवंटित हुई थी . धनबाद को 353.76 करोड़ की राशि का आवंटन हुआ था . सबसे अधिक राशि गिरिडीह को 423. 61 करोड़, रांची को 419.93 करोड़, सिमडेगा को 83.58 करोड़ का आवंटन हुआ था. सूत्र बताते  है कि  मंईयां  सम्मान योजना के अयोग्य लाभुकों की जांच के दौरान कई आवेदन ऐसे मिले, जिनमें  एक ही लाभुकों के दो-तीन बैंक खाता दिख रहे थे.  कुछ ऐसे लाभुक  मिले, जिन में दो लाभुकों के आवेदन में पति की जगह एक ही व्यक्ति का नाम लिखा था.   चुनाव के पहले मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने घोषणा की थी कि दिसंबर महीने से  सम्मान योजना की राशि 1000 से बढ़ाकर ढाई हजार कर दी जाएगी. उसके बाद यह राशि बढ़ाकर 2500 कर दी गई है. 

    रिपोर्ट -धनबाद ब्यूरो 

     



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