30 सालों से तंबू में जीने वाली महिला की पीड़ा सुनिए, जानिए तकलीफ सुन डीसी ने क्या  किया आदेश 

    30 सालों से तंबू में जीने वाली महिला की पीड़ा सुनिए, जानिए तकलीफ सुन डीसी ने क्या  किया आदेश 

    धनबाद(DHANBAD): हुजूर !!30 सालों से तंबू लगाकर परिवार एवं बच्चों का गुजर-बसर कर रही है. लेकिन अब नहीं हो पा रहा है. अगर जमीन की बंदोबस्ती हो जाती तो अपने बच्चों को सही ढंग से परवरिश कर पाती.  यह शिकायत मंगलवार को उपायुक्त से  गोविंदपुर से आई सावित्री देवी ने की. उपायुक्त ने गोविंदपुर के अंचलाधिकारी को इस मामले को हस्तांतरित करते हुए जमीन बंदोबस्ती के लिए प्रस्ताव भेजने का निर्देश दिया है.  साउथ बलिहारी से आई आंगनबाड़ी केंद्र की सेविका ने कहा कि आंगनबाड़ी केंद्र को बंद कर दिया गया है. कई महीनों से आंगनबाड़ी केंद्र को सेविका ने बंद कर रखा है.  पोषक आहार का भी दुरुपयोग हो रहा है.  जो बच्चे ,आंगनबाड़ी में पढ़ते थे, उनका भविष्य अंधकार में हो गया है.  केंद्र बंद होने से क्षेत्र की गर्भवती महिलाओं को पोषक आहार, दवाइयां तथा जरूरी जानकारी नहीं मिल पा रही है. 

    शिकायतों की लम्बी सूची मिली उपयुक्त को 
     
    उपायुक्त ने इस शिकायत को गंभीरता से लिया. जनता दरबार में पुटकी  से आए दिनेश कुमार ने इलाज के लिए मदद के लिए  उपायुक्त को आवेदन दिया.  उन्होंने बताया कि  वह  एक दिव्यांग व्यक्ति है और किसी तरह अपना भरण-पोषण करते है.  उनके परिवार में और कोई नहीं है और वह इस वक्त गंभीर बीमारी से पीड़ित है.  बीमारी के इलाज के लिए  उनके पास पैसे नहीं है.  उन्होंने इलाज के लिए  उपायुक्त से मदद मांगी.   जनजागृति महिला समिति से आए प्रतिनिधि ने सिंदरी अंचल अंतर्गत वार्ड नंबर 53 की जनसमस्याओं को लेकर उपायुक्त को आवेदन दिया.  आवेदन के माध्यम से उन्होंने बताया कि सिंदरी से झरिया की मुख्य सड़क काफी जर्जर अवस्था में है.  जहां कई बार सड़क दुर्घटना भी हो चुकी है, जिस कारण कई लोगों की मृत्यु भी हुई है.  वही क्षेत्र की कुछ ग्रामीण महिलाओं की शिकायत है कि उनको वृद्धा,विधवा एवं दिव्यांग पेंशन का लाभ नहीं मिल पा रहा है, जिसकी उन्हें सख्त जरूरत है.

    रिपोर्ट -धनबाद ब्यूरो  


    the newspost app
    Thenewspost - Jharkhand
    50+
    Downloads

    4+

    Rated for 4+
    Install App

    Our latest news