Jharkhand Politics: आलमगीर आलम की गिरफ्तारी के बाद क्या खुल जाएगा डॉक्टर इरफान अंसारी की किस्मत का बंद ताला?

    Jharkhand Politics: आलमगीर आलम की गिरफ्तारी के बाद क्या खुल जाएगा डॉक्टर इरफान अंसारी की किस्मत का बंद ताला?

    धनबाद: जामताड़ा से कांग्रेस विधायक डॉक्टर इरफान अंसारी की किस्मत का बंद ताला क्या अब खुल जाएगा. क्या अब वह झारखंड में मंत्री बनेंगे. मंत्री का दर्जा दो नंबर का होगा. संगठन में भी क्या डॉक्टर इरफान अंसारी का कद ऊंचा होगा.यह सब ऐसे सवाल हैं, जो पिछले चौबीस घंटे से राजनीतिक हलकों में घूम रही है. क्या पिछले साल 23 फरवरी को गिरफ्तार हुए तब के चीफ इंजीनियर वीरेंद्र राम का मामला धीरे-धीरे मंत्री तक पहुंच जाएगा इसकी भनक मंत्री को नहीं थी. 7 मई 2024 को मंत्री के पीएस संजीव लाल की गिरफ्तारी हुई थी. फिर उसी दिन संजीव लाल के नौकर जहांगीर आलम की गिरफ्तारी की गई थी . गिरफ्तारी के बाद कांग्रेस के अन्य मंत्रियों में किसका कद बढ़ेगा, यह सवाल भी झारखंड की राजनीति में बुधवार से खूब चर्चा में रहा.

    ग्रामीण विकास मंत्री आलमगीर आलम को प्रवर्तन निदेशालय ने गिरफ्तार कर लिया है. उनकी गिरफ्तारी चीफ इंजीनियर वीरेंद्र राम से जुड़े मनी लॉन्ड्रिंग मामले में हुई है .आज आलमगीर आलम को कोर्ट में पेश किया जाएगा और आगे पूछताछ के लिए ईडी रिमांड मांग सकती है .पाकुड़ विधायक आलमगीर आलम महागठबंधन सरकार में कांग्रेस कोटे से मंत्री थे और उनका दर्जा दूसरे नंबर का था. हालांकि बुधवार की देर रात तक उन्होंने इस्तीफा नहीं दिया है .इस्तीफा देने की चर्चा होती रही ,लेकिन अभी तक इस्तीफा की पक्की सूचना नहीं है.

    6 मई को मंत्री आलमगीर आलम के पीएस ,नौकर करीबियों के यहां से 32 करोड रुपए से अधिक बरामद किए गए. 7 मई को पीएस करीबी राजीव सिंह के यहां से 2.14 करोड रुपए बरामद किए गए .8 मई को झारखंड के इतिहास में पहली बार सचिवालय में छापा पड़ा. पीएस के चेंबर से दो लाख रुपए से अधिक मिले. 12 मई को प्रवर्तन निदेशालय ने आलमगीर आलम को समन भेज पूछताछ के लिए बुलाया. 14 मई को प्रवर्तन निदेशालय कार्यालय में आलमगीर आलम से पूछताछ हुई. संपत्ति पर सवाल दागे गए. 15 मई को प्रवर्तन निदेशालय कार्यालय में दिन भर पूछताछ के बाद शाम को गिरफ्तारी की घोषणा की गई.

    चुनाव के ठीक पहले और झारखंड में चार सीटों पर लोकसभा का चुनाव होने के बाद कांग्रेस कोटे के मंत्री आलमगीर आलम की गिरफ्तारी की खूब चर्चा हो रही है .प्रवर्तन निदेशालय को अगर मंत्री का रिमांड मिलता है तो पूछताछ में और क्या खुलासे होते हैं, इस पर सबकी नजर टिकी हुई है.

    पिछले साल 23 फरवरी को गिरफ्तार हुए तब के चीफ इंजीनियर वीरेंद्र राम का मामला धीरे-धीरे मंत्री तक पहुंच जाएगा, इसकी भनक लोगों को नहीं थी. 7 मई 2024 को मंत्री के पीएस संजीव लाल की गिरफ्तारी हुई थी. फिर उसी दिन संजीव लाल के नौकर जहांगीर आलम की गिरफ्तारी की गई थी.

    रिपोर्ट: धनबाद ब्यूरो 



    Related News